Gamini Singla Success Story/Photo Credit: IBC24
Gamini Singla Success Story : साल 2021 यूपीएससी परीक्षा में तीसरी रैंक लाने वाली गामिनी सिंगला की कहानी उन युवाओं के लिए खास प्रेरणा बन चुकी है, जो करियर के बीच में बड़ा फैसला लेने से हिचकते हैं। इंजीनियरिंग रहते हुए एक बड़े मल्टीनेशनल कंपनी का ऑफर और फिर सब कुछ छोड़कर सिविल सेवा की तैयारी में लग जाना यह फैसला आसान नहीं था, लेकिन उन्होंने इसे सही साबित कर दिया है। पढ़िए IAS गामिनी सिंगला की सक्सेस स्टोरी के बारे में।
पंजाब के आनंदपुर साहिब की रहने वाली गामिनी सिंगला की पोस्टिंग उत्तर प्रदेश में है, क्योंकि वह यूपी कैडर की आईएएस अधिकारी हैं। फिलहाल वह बदायूं में मुख्य विकास अधिकारी यानी सीडीओ (CDO) के पद पर कार्य कर रही हैं। उन्होंने अपना प्रशासनिक करियर यूपी के सुल्तानपुर से संयुक्त मजिस्ट्रेट के रूप में शुरू की थी।
माता-पिता डॉक्टर तो भाई है IITian
गामिनी एक शिक्षित परिवार से हैं। उनके पिता आलोक सिंगला और मां नीरजा सिंगला दोनों ही डॉक्टर हैं, जबकि उनके भाई आईआईटीयन हैं। गामिनी की पढ़ाई उनके गृहनगर से ही हुई थी। साल 2019 में उन्होंने चंडीगढ़ के पंजाब इंजीनियरिंग कॉलेज से कंप्यूटर साइंस में बीटेक किया और फिर मल्टीनेशनल कंपनी जेपी मॉर्गन में इंटर्नशिप शुरू की। इंटर्नशिप पूरी होने के बाद उन्हें जेपी मॉर्गन से ही जॉब का भी ऑफर मिला, लेकिन उन्होंने उस ऑफर को ठुकरा दिया और सिविल सेवा परीक्षा की तैयारी में जुट गई, क्योंकि उनका सपना एक आईएएस अधिकारी बनना था।
9-10 घंटे की पढ़ाई
यूपीएससी के पहले अटेंम्प्ट में असफल होने के बाद भी गामिनी ने हार नहीं मानी और नियमित रूप से 9-10 घंटे पढ़ाई शुरू कर दी। इसके बाद 2021 यूपीएससी परीक्षा में ऑल इंडिया तीसरी रैंक हासिल की और आईएएस अधिकारी बन गईं। गामिनी की इस सफलता से ये दिखा दिया कि अगर दिल से कड़ी मेहनत की जाए तो सफलता निश्चित है।