CM Dr Mohan Yadav News: सीएम डॉ मोहन यादव का बड़ा ऐलान.. इस जिले में स्थापित किया जाएगा ‘साइबर सिक्योरिटी रिसर्च सेंटर’.. कहा, ‘सुरक्षित डेटा ही सुरक्षित राष्ट्र की पहचान’..
Cyber Security Research Center in Mhow: मुख्यमंत्री मोहन यादव ने महू में साइबर सिक्योरिटी रिसर्च सेंटर की घोषणा की, डेटा सुरक्षा पर जोर दिया।
Cyber Security Research Center in Mhow || Image- Dr Mohan Yadav Twitter
- महू में बनेगा साइबर सिक्योरिटी रिसर्च सेंटर।
- डेटा सुरक्षा में लापरवाही पर होगी सख्त कार्रवाई।
- साइबर ठगी की तुरंत शिकायत करने की अपील।
भोपाल: मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने सोमवार को भोपाल में “राज्य डेटा की सुरक्षा के लिए साइबर सुरक्षा ढांचे को मजबूत बनाने” विषय पर आयोजित राज्य स्तरीय कार्यशाला का उद्घाटन किया। इस दौरान उन्होंने महू में साइबर सिक्योरिटी रिसर्च सेंटर स्थापित करने की घोषणा की। (Cyber Security Research Center in Mhow) मुख्यमंत्री ने कहा कि आज के डिजिटल युग में डेटा सबसे महत्वपूर्ण संपत्ति बन गया है। इसलिए डेटा की सुरक्षा और साइबर सुरक्षा अब समय की सबसे बड़ी जरूरत है। उन्होंने कहा कि सुरक्षित डेटा ही सुरक्षित राष्ट्र की पहचान है और सरकार राज्य में सुरक्षित डिजिटल व्यवस्था बनाने के लिए लगातार काम कर रही है।
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‘ऑनलाइन अपराधों से लोगों बचाना भी सरकार की प्राथमिकता’ : सीएम डॉ मोहन यादव
मोहन यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सोच के अनुरूप राज्य सरकार सभी विभागों में डेटा सुरक्षा को मजबूत करने की दिशा में कदम उठा रही है। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि भविष्य में डेटा सुरक्षा में किसी भी तरह की लापरवाही पाए जाने पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी और भारी जुर्माना लगाया जाएगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि नागरिकों की निजी जानकारी सुरक्षित रहना बहुत जरूरी है। किसी भी व्यक्ति या संस्था को डेटा का गलत इस्तेमाल करने का मौका नहीं मिलना चाहिए। साथ ही लोगों को साइबर ठगी और ऑनलाइन अपराधों से बचाना भी सरकार की प्राथमिकता है।
‘ऑनलाइन ठगी पर तत्काल दर्ज कराएं शिकायत’ : सीएम डॉ मोहन यादव
उन्होंने बताया कि महू में बनने वाला साइबर सिक्योरिटी रिसर्च सेंटर सैन्य दूरसंचार अभियांत्रिकी महाविद्यालय (एमसीटीई) और विभिन्न शैक्षणिक संस्थानों के सहयोग से स्थापित किया जाएगा। यह केंद्र साइबर सुरक्षा, शोध, नवाचार और कौशल विकास के क्षेत्र में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। (Cyber Security Research Center in Mhow) मुख्यमंत्री ने कहा कि आधुनिक सुरक्षा प्रणालियों की मदद से साइबर अपराधों की समय रहते पहचान और निगरानी की जा सकेगी। यह व्यवस्था केवल औपचारिक पहल नहीं, बल्कि भविष्य में संभावित खतरों को रोकने और लगातार निगरानी रखने की दिशा में एक ठोस कदम है।
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उन्होंने प्रदेशवासियों से भी सतर्क रहने की अपील की। मुख्यमंत्री ने कहा कि यदि कोई व्यक्ति साइबर ठगी या ऑनलाइन अपराध का शिकार होता है तो उसे तुरंत सरकारी हेल्पलाइन और संबंधित तंत्र को सूचना देनी चाहिए, ताकि समय पर कार्रवाई कर नुकसान को रोका जा सके।
आज कुशाभाऊ ठाकरे कन्वेंशन सेंटर, भोपाल में आयोजित “Strengthening Cyber Security Frameworks for State Data” विषयक राज्य स्तरीय परामर्श कार्यशाला में विचार साझा किए।
डिजिटल युग में डेटा केवल सूचना नहीं, बल्कि नागरिकों के विश्वास और राष्ट्र की महत्वपूर्ण परिसंपत्ति है। आज जब… pic.twitter.com/VvfATblpyS
— Dr Mohan Yadav (@DrMohanYadav51) June 15, 2026
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