हरदा। Harda Crime News जिले के बहुचर्चित अनिल माणिक हत्याकांड में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। वारदात के करीब साढ़े तीन साल बाद पुलिस ने मुख्य आरोपी धर्मेंद्र पटेल को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी पर 30 हजार रुपए का इनाम घोषित था। पुलिस ने उसे उसकी ससुराल रातातलाई से दबोचा।
टिमरनी एसडीओपी आकांक्षा तलैया के मुताबिक, मुखबिर से सूचना मिली थी कि हत्याकांड का मुख्य आरोपी धर्मेंद्र पटेल रातातलाई स्थित अपनी ससुराल में छिपा हुआ है। सूचना के आधार पर एसआईटी की करीब 30 सदस्यीय टीम ने दबिश देकर रविवार को उसे गिरफ्तार किया। गिरफ्तारी के बाद आरोपी को शाम करीब 7 बजे न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया।
मामला दिसंबर 2022 का है। डंपर चालक 30 वर्षीय अनिल माणिक की देवास निवासी धर्मेंद्र पटेल ने अपने साथियों के साथ मिलकर कथित तौर पर क्रिकेट बैट से पीट-पीटकर हत्या कर दी थी। बताया गया है कि डंपर की बैटरी चोरी के शक में अनिल को बुलाया गया था। हत्या के बाद वारदात को सड़क हादसे का रूप देने की कोशिश की गई थी। परिजनों का आरोप था कि हत्या के बाद शव को ऑटो से सड़क पर ले जाकर फेंका गया और उसके पैरों पर डंपर चढ़ा दिया गया, ताकि मामला दुर्घटना का लगे। हालांकि पुलिस जांच में मौत सड़क हादसा नहीं, बल्कि हत्या निकली। इस मामले में वर्ष 2023 में कांग्रेस नेता और हरदा जनपद अध्यक्ष के पति धर्मेंद्र पटेल सहित अन्य आरोपियों के खिलाफ हत्या, साक्ष्य छिपाने समेत विभिन्न धाराओं में प्रकरण दर्ज किया गया था। पुलिस ने राहुल पटेल, संदीप गुर्जर समेत अन्य आरोपियों को पहले ही गिरफ्तार कर लिया था, जबकि धर्मेंद्र पटेल लंबे समय से फरार चल रहा था। उसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस ने 30 हजार रुपए का इनाम घोषित किया था।