Malkhan singh join congress
ग्वालियर: चुनावी साल में सियासी दल अपने पार्टी के विस्तार में जुटी हुई हैं। पार्टियों की कोशिश है कि चुनाव से पहले नामी लोगों को अपने साथ शामिल कर ले ताकि चुनावी प्रचार-प्रसार में उनका बखूबी इस्तेमाल किया जा सके। (Daku Malkhan Singh Congress Entry) बहरहाल अब जो खबर सामने आ रही है उसके मुताबिक़ कांग्रेस पार्टी में अब एक पूर्व दस्यु की एंट्री हो सकती हैं। यह पूर्व डाकू कोई और नहीं बल्कि चमबल की पहचान रहे बागी मलखान सिंह हैं। बताया जा रहा हैं की पूर्व दस्यु मलखान को प्रियंका गांधी की मौजूदगी में कांग्रेस में एंट्री कराया जाएगा। प्रियंका गांधी आज ग्वालियर में होंगी। बता दे कि मलखान सिंह चम्बल-ग्वालियर-राजस्थान इलाके के कुख्यात डाकू हुआ करते थे। लेकिन खबरों की माने तो सियासत में मलखान सिंह की दिलचस्पी नई नहीं हैं। 2014 में उन्होंने भाजपा के लिए भी प्रचार-प्रसार किया था, इसके बाद चार साल पहले पूर्व समाजवादी पार्टी नेता शिवपाल सिंह यादव की प्रगतिशील समाजवादी पार्टी-लोहिया की टिकट से उन्होंने लखीमपुर-खीरी से चुनाव लड़ा था,वही इस बार मलखान सिंह कांग्रेस में शामिल होकर नई राजनितिक पारी शुरू करना चाहते हैं।
मलखान सिंह का जन्म भिंड जिले के बिलाव गांव में हुआ था। एक जमीन पर कब्जे को लेकर जब उनका विवाद छिड़ा तो उन्होंने हथियार उठा लिया। देखते ही देखते उनका नाम चम्बल के इलाके में गूंजने लगा। पैसों की कमी के चलते मलखान सिंह ने ना जाने कितने ही लोगों का अपहरण किया और कइयों को मौत के घाट भी उतार दिया। डाकू मलखान सिंह पर 1980 तक 94 से ज्यादा मामले दर्ज थे, इनमे 17 मर्डर, 28 अपहरण, 19 मर्डर का प्रयास और 18 डकैती के मामले शामिल थे। डाकू मलखान सिंह ने 1982 को मुख्यमंत्री अर्जुन सिंह के सामने आत्मसमर्पण कर दिया। वह 6 साल तक जेल में रहा था। मलखान सिंह को 1989 में सभी मामलों में बरी करके रिहा कर दिया गया।
मलखान सिंह खुद को बागी कहलाना पसन्द किया करता था। वही जो कोई भी उसे डाकू या डकैत कहता था उसे मौत की नींद सुला देता था। बताया जाता है कि मलखान महिलाओं और उनकी सुरक्षा को लेकर बेहद संजीदा हुआ करता था। अपने दौर में मलखान और उसका दस्यु गैंग महिलाओं की काफी इज्जत करता था। (Daku Malkhan Singh Congress Entry) एक वक़्त में चम्बल के गाँवों में इस बात की मुनादी करा दी गई थी कि कोई भी महिलाओं पर बुरी नजर नहीं डालेगा। इसका नतीजा यह हुआ कि इलाके में रेप के मामले आने ही बंद हो गए। मलखान सिंह ने कई ऐसे लोगों को भी गोली मार दिया था जिन्होंने महिलाओं की तरफ गन्दी नजर डाली थी।
बागी मलखान सिंह के बारे में यह कहानी भी मशहूर हैं कि वह दानी किस्म का डाकू रहा। दरअसल मालखन सिंह की डकैती की दुनिया में एंट्री ही एक मंदिर की जमीन को लेकर हुई थी। बताया जाता है कि मलखान जब कभी लूटपाट करता तो उसका कुछ हिस्सा वह मंदिर के लिए भी दान दिया करता था। कई दशकों तक पुलिस और सरकार के नाम में दम कर देने वाले दास्यु मलखान को लेकर यह कहानी भी प्रचलित रही कि उसे पुलिस की कोई गोली छू ना सकी।