मप्र: विजयवर्गीय ने कांग्रेस पर इंदौर की जनता और सफाई कर्मियों के अपमान का आरोप लगाया
मप्र: विजयवर्गीय ने कांग्रेस पर इंदौर की जनता और सफाई कर्मियों के अपमान का आरोप लगाया
इंदौर, 14 जनवरी (भाषा) मध्यप्रदेश के काबीना मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने बुधवार को कांग्रेस पर हमला बोलते हुए कहा कि प्रमुख विपक्षी दल राष्ट्रीय स्वच्छता सर्वेक्षण में इंदौर के लगातार आठ बार पर अव्वल रहने के बारे में बेबुनियाद सवाल उठाकर शहर की जनता और सफाई कर्मियों का अपमान कर रहा है।
दूषित पेयजल के कारण फैले उल्टी-दस्त के प्रकोप से कई लोगों की मौत को लेकर सुर्खियों में चल रहा शहर का भागीरथपुरा इलाका विजयवर्गीय के विधानसभा क्षेत्र ‘इंदौर-1’ में आता है। इस घटनाक्रम के बाद से वह कांग्रेस के निशाने पर चल रहे हैं।
राज्य के नगरीय विकास एवं आवास मंत्री विजयवर्गीय ने इंदौर में एक कार्यक्रम के दौरान प्रमुख विपक्षी दल पर पलटवार करते हुए कहा,‘‘एक घटना को लेकर आप इंदौर की जनता की बदनामी कर रहे हैं और शहर के सफाई कर्मियों का मजाक उड़ा रहे हैं।’’
उन्होंने कहा,‘‘क्या आपकी मां, बहन और बेटी रात के दो बजे घर से निकलकर सड़क पर सफाई कर सकती हैं? ये इंदौर के सफाई कर्मी हैं जो अपनी महिलाओं को शहर को स्वच्छ करने के लिए रात के दो बजे भी भेजते हैं।’’
प्रदेश विधानसभा में प्रतिपक्ष के नेता उमंग सिंघार ने भागीरथपुरा में दूषित पेयजल के सेवन से कई लोगों की मौत के बाद हाल ही में दावा किया है कि सरकारी अधिकारियों ने फर्जी दस्तावेज पेश करके इंदौर को स्वच्छता के सिलसिलेवार खिताब दिलाए हैं।
विजयवर्गीय ने सिंघार का नाम लिए बगैर कहा कि कांग्रेस नेताओं को यह बोलने से पहले शर्म आनी चाहिए कि राष्ट्रीय स्वच्छता सर्वेक्षण में इंदौर को अव्वल बनाने के लिए गलत दस्तावेज पेश किए गए हैं।
उन्होंने कहा,‘‘ऐसी बातें बोलना स्वच्छता के लिए इंदौर की जनता की भागीदारी का भी अपमान है। इन बेशर्मों को शहर के सफाई कर्मियों और जनता से माफी मांगनी चाहिए।’’
विजयवर्गीय ने जोर देकर कहा कि स्वच्छता के मामले में इंदौर ‘नम्बर 1’ था, है और हमेशा रहेगा।
काबीना मंत्री ने कांग्रेस नेताओं को किसी भी सार्वजनिक मंच पर बहस की चुनौती देते हुए कहा कि उन्हें बताना चाहिए कि उन्होंने अपने राजनीतिक जीवन में शहर के हित में कौन-से काम किए हैं?
विजयवर्गीय ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा,‘‘एक पुरानी कहावत है कि बिल्ली के भाग्य से छींका टूट गया। ऐसे में बिल्ली की तो दीपावली हो गई। बिल्ली की भले ही दीपावली हो गई, लेकिन हम आपसे वादा करते हैं कि शहर की आन-बान-शान जाने नहीं देंगे।’’
प्रशासन ने भागीरथपुरा में दूषित पानी पीने से फैले उल्टी-दस्त के प्रकोप में अब तक छह लोगों की मौत की आधिकारिक पुष्टि की है, जबकि स्थानीय नागरिकों ने इस प्रकोप के कारण छह माह के बच्चे समेत 23 मरीजों के दम तोड़ने का दावा किया है। मृतकों की तादाद को लेकर विरोधाभासी दावों के बीच, शहर के शासकीय महात्मा गांधी स्मृति चिकित्सा महाविद्यालय की एक समिति के किए गए ‘डेथ ऑडिट’ की रिपोर्ट में संकेत दिया गया है कि भागीरथपुरा के 15 लोगों की मौत उल्टी-दस्त के प्रकोप से किसी न किसी तरह जुड़ी हो सकती है।
भाषा हर्ष जितेंद्र
जितेंद्र

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