MP Nashe Se Doori Hai Zaroori 2.0 Campaign/Image Credit: MP DPR
MP Nashe Se Doori Hai Zaroori 2.0 Campaign: भोपाल: नशे के खिलाफ मध्यप्रदेश सरकार ने कमर कस ली है। जहां एक ओर ड्रग्स तस्करों के खिलाफ कार्रवाइयां जारी हैं। पीसीसी चीफ जीतू पटवारी के भाई नाना पटवारी तक को इंदौर पुलिस ब्राउन शुगर तस्करी मामले में पूछताछ के लिए गिरफ्तार कर चुकी है, तो दूसरी ओर मोहन सरकार 15 से 30 जुलाई तक पूरे प्रदेश में “नशे से दूरी है ज़रूरी 2.0” अभियान की शुरूआत करने जा रही है। मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने ऐलान किया कि साल 2029 तक ‘नशा मुक्त भारत’ के अभियान में मध्यप्रदेश भी कदम से कदम मिलाकर आगे बढ़ने को तैयार है। नक्सलवाद के खात्मे की तर्ज पर प्रदेश से नशे का खात्मा किया जाएगा।
सीएम मोहन के ये ऐलान करते ही कांग्रेस ने मोर्चा संभाला। कांग्रेस ने सरकार की मंशा पर सवाल उठाते हुए कहा कि- प्रदेश के बड़ा राजस्व शराब और दूसरे नशीले पदार्थों की बिक्री से आता है। (MP Nashe Se Doori Hai Zaroori 2.0 Campaign) सरकार अगर नशामुक्त राज्य बनाना चाहती है तो पहले नशीले पदार्थों की उपलब्धता पर रोक लगाए।
MP Nashe Se Doori Hai Zaroori 2.0 Campaign: कुल मिलाकर सरकार 2029 तक नशामुक्त प्रदेश बनाने का भले दावा कर रही है, लेकिन सवाल ये कि- जब सूबे के रेवेन्यू का बड़ा हिस्सा नशीले पदार्थों की बिक्री के टैक्स से आता है तो क्या इससे प्रदेश की सेहत पर असर नहीं पड़ेगा? सवाल ये कि क्या 2029 तक एमपी में नशीले पदार्थों पर वाकई बैन लग जाएगा?
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