शह मात The Big Debate: 13% का आंकड़ा भारी, OBC आरक्षण… सुनवाई जारी, एक फैसला बना हजारों गले की फांस, आखिर कौन है जिम्मेदार?

Ads

MP OBC Reservation News: मध्य प्रदेश में 27 प्रतिशत ओबीसी रिजर्वेशन को लेकर कांग्रेस और बीजेपी के बीच सियासी वार-पलटवार जारी है।

  •  
  • Publish Date - March 30, 2026 / 11:34 PM IST,
    Updated On - March 30, 2026 / 11:34 PM IST

MP OBC Reservation News/ Image Source: IBC24 Customized

HIGHLIGHTS
  • मध्य प्रदेश में 27 प्रतिशत ओबीसी रिजर्वेशन को लेकर सियासी वार-पलटवार जारी है।
  • सुप्रीम कोर्ट ने 19 फरवरी को सुनाए अपने आदेश में संशोधन किया है।
  • सुप्रीम कोर्ट के इस नए फैसले के बाद कांग्रेस और बीजेपी में जुबानी जंग तेज हो गई।

MP OBC Reservation News: भोपाल: मध्य प्रदेश में 27 प्रतिशत ओबीसी रिजर्वेशन को लेकर कांग्रेस और बीजेपी के बीच सियासी वार-पलटवार जारी है। इस बीच सुप्रीम कोर्ट ने एक नया फैसला सुनाया है। दऱअसल, सुप्रीम कोर्ट ने 19 फरवरी को सुनाए अपने आदेश में संशोधन किया है। कोर्ट ने एमपी की सरकारी भर्तियों में लागू 87:13 के फार्मूले को चुनौती देने वाली 2 याचिकाएं—हाईकोर्ट से अपने पास रीकॉल कर ली हैं। यानी एमपी में 87 फीसदी पदों पर नियुक्ति देकर 13 फीसदी पद होल्ड रखने को – चुनौती देने वाली याचिकाओं पर सुप्रीम कोर्ट ही सुनवाई करेगा। (MP OBC Reservation News) सुप्रीम कोर्ट इन याचिकाओं पर अप्रैल के दूसरे हफ्ते में सुनवाई करेगा। वहीं सुप्रीम कोर्ट ने अपने आदेश में संशोधन करते हुए ओबीसी आरक्षण से जुड़ी 52 और याचिकाएं मध्यप्रदेश हाईकोर्ट ट्रांसफर कर दी हैं। अब, ओबीसी आरक्षण को लेकर हाईकोर्ट 3 महीने के अंदर फैसला करेगा।

सुप्रीम कोर्ट के इस नए फैसले के बाद कांग्रेस और बीजेपी में जुबानी जंग तेज हो गई। कांग्रेस ने आरोप लगाया कि- बीजेपी सरकार ने ओबीसी रिजर्वेशन को फुटबॉल की तरह बनाकर रख दिया है, तो बीजेपी ने पलटवार करते हुए कहा कि- कांग्रेस का मूल चरित्र ओबीसी विरोधी है। बीजेपी, ओबीसी वर्ग के साथ मजबूती से खड़ी है।

साल 2019 में कांग्रेस की तत्कालीन कमलनाथ सरकार ने ओबीसी आरक्षण को 14 से बढ़ाकर 27 फीसदी कर दिया था, जिसके बाद से मामला कोर्ट में लंबित है। 2022 में जबलपुर हाईकोर्ट के अंतरिम आदेश के बाद 87:13 का फार्मूला आया। इसी आधार पर 2019 से अब तक सरकार 1 लाख से ज्यादा पदों पर भर्तियां कर चुकी हैं। (MP OBC Reservation News) ऐसे में सवाल ये कि- जिन 13 फीसदी पदों को होल्ड किया गया है, क्या उनका निपटारा हो पाएगा? सवाल ये भी कि- कमलनाथ रिजर्वेशन की 50 फीसदी लिमिट को जानते हुए भी 27 फीसदी ओबीसी रिजर्वेशन क्यों कर गए थे? सबसे बड़ा सवाल ये कि- आखिर ओबीसी रिजर्वेशन का मसला कब तक अधर में लटका रहेगा?

इन्हे भी पढ़ें:-