मुंबई, चार मई (भाषा) महाराष्ट्र की बारामती सीट पर विधानसभा उपचुनाव में उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार की जीत की प्रबल संभावनाओं के बीच उनके पुत्र जय पवार ने उनकी मां पर भरोसा जताने के लिए मतदाताओं को सोमवार को धन्यवाद दिया। साथ ही उन्होंने समर्थकों से आग्रह किया कि परिणाम घोषित होने के बाद भी वे जश्न मनाने से बचें।
निर्वाचन आयोग की वेबसाइट पर उपलब्ध नवीनतम आंकड़ों के अनुसार, मतगणना के 21वें चरण के अंत में राकांपा प्रमुख सुनेत्रा पवार ने 1,88,923 वोट हासिल किए और अपने 22 प्रतिद्वंद्वियों पर निर्णायक बढ़त बना ली। उनके प्रतिद्वंद्वियों में से सभी उम्मीदवार 1000 से कम मत हासिल कर सके।
गत 28 जनवरी को तत्कालीन उपमुख्यमंत्री एवं राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) के प्रमुख अजित पवार की पुणे जिले के बारामती हवाई अड्डे के पास एक विमान दुर्घटना में मृत्यु के बाद इस सीट पर उपचुनाव आवश्यक हो गया था।
सुनेत्रा पवार पहली बार विधानसभा चुनाव लड़ रही हैं। वह भारी जीत की ओर अग्रसर हैं। किसी भी प्रमुख राजनीतिक दल ने उनके खिलाफ उम्मीदवार नहीं उतारे हैं।
जय पवार ने बारामती में पत्रकारों से कहा, ‘‘हममें से कोई भी इस तरह का चुनाव नहीं चाहता था। पड़ोसी भोर तहसील में भी एक दुर्भाग्यपूर्ण घटना घटी है (जहां एक चार-वर्षीय बच्ची के साथ बलात्कार और हत्या कर दी गई)। हम इस जीत का जश्न नहीं मनाना चाहते।’’
सुनेत्रा पवार ने पार्टी कार्यकर्ताओं और समर्थकों से अपील की कि परिणाम घोषित होने के बाद वे विजय जुलूस न निकालें और न ही गुलाल से जश्न मनाएं।
उन्होंने मतदाताओं द्वारा उनपर जताए गए विश्वास को अपने दिवंगत पति अजित पवार की स्मृति को समर्पित किया और लोगों से संयम बरतने तथा उनके आदर्शों को प्रतिबिंबित करने वाले आचरण को बनाए रखने का आग्रह किया।
उपचुनाव अभियान का नेतृत्व करने के बारे में पूछे जाने पर, जय पवार ने कहा कि यह सफलता अकेले का प्रयास नहीं थी। उन्होंने कहा, ‘‘मैं इसमें अकेला नहीं था। हर शुभचिंतक इस अभियान और मतदान में हमारे साथ था। हम इसे केवल उन्हीं के प्रयासों से हासिल कर सके।’’
राकांपा पदाधिकारी जय पवार ने कहा कि वह निर्वाचन क्षेत्र के लोगों की चिंताओं के समाधान के लिए प्रत्येक बृहस्पतिवार को उपलब्ध रहेंगे।
केंद्रीय मंत्री एवं भाजपा नेता मुरलीधर मोहोल की महाराष्ट्र ओलंपिक संघ (एमओए) के प्रमुख के रूप में निर्विरोध नियुक्ति पर टिप्पणी करते हुए उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी अध्यक्ष पद को बरकरार रखना चाहती थी।
जय पवार ने कहा, ‘कल मुझे खेल जगत से भी इस संबंध में कई फोन आए, लेकिन आज का परिणाम (बारामती विधानसभा उपचुनाव का) हमारे लिए महत्वपूर्ण था। हम कल इसपर कोई निर्णय नहीं ले सके। यदि संभव हुआ तो इस मुद्दे पर मुख्यमंत्री से चर्चा की जा सकती है।’’
एमओए के प्रमुख का पद पहले अजित पवार के पास था।
भाषा तान्या सुरेश
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