अमरावती, पांच सितंबर (भाषा) आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू ने शनिवार को सरकारी कर्मचारियों के वेतन से जुड़े लंबित मुद्दों को हल करने के लिए कई अहम फैसले लिए। इनमें 12वां वेतन संशोधन आयोग (पीआरसी) गठित करने पर सहमति भी शामिल है, जिससे सरकारी खजाने पर हर साल 2,880 करोड़ रुपये का बोझ पड़ेगा।
मुख्यमंत्री के ये फैसले सरकारी कर्मचारी यूनियनों की ओर से पीआरसी और महंगाई भत्ते (डीए) जैसे लंबित मुद्दों को हल करने की मांग के बाद आए हैं।
एक आधिकारिक बयान में कहा गया, ‘‘मुख्यमंत्री नायडू ने सरकारी कर्मचारियों के लंबित मुद्दों को हल करने के लिए कई पहलों की घोषणा की…12वां पीआरसी बनाने पर सहमति जताई। एक अक्टूबर, 2026 से लंबित दो डीए का भुगतान। एक जुलाई, 2024 और एक जनवरी, 2025 से बकाया डीए जारी करना।’’
इसी तरह, मुख्यमंत्री ने आने वाले संक्रांति त्योहार तक कर्मचारियों के खातों में 2022 से जुड़ी ‘सरेंडर लीव’ (छुट्टियों के ऐवज में भुगतान) की राशि जमा करने पर सहमति जताई।
मुख्यमंत्री ने कर्मचारी स्वास्थ्य योजना को बेहतर बनाने का भी भरोसा दिया।
भाषा शफीक पवनेश
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