MLA Parag Shah Viral Video: भीख मांगता नजर आया सबसे अमीर विधायक, सड़कों पर खाया खाना, जानें क्यों उठाना पड़ा ये कदम, वीडियो हो रहा वायरल

Ads

MLA Parag Shah Viral Video: महाराष्ट्र में सबसे अमीर विधायक पराग शाह ने एक दिन के लिए गरीबी का जीवन व्यापन किया।

  •  
  • Publish Date - September 14, 2026 / 04:29 PM IST,
    Updated On - September 14, 2026 / 04:33 PM IST

MLA Parag Shah Viral Video/Image Credit: X Handle

HIGHLIGHTS
  • महाराष्ट्र में सबसे अमीर विधायक पराग शाह ने एक दिन के लिए गरीबी का जीवन व्यापन किया।
  • घाटकोपर ईस्ट विधानसभा से विधायक पराग शाह ने भिखारी बन कर एक दिन गुजारा।
  • विधायक पराग शाह का भीख मांगने और सड़क पर खाना खाने का वीडियो जमकर वायरल हो रहा है।

MLA Parag Shah Viral Video: मुंबई: महाराष्ट्र के घाटकोपर से एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। दरअसल, महाराष्ट्र में सबसे अमीर विधायक ने एक दिन के लिए गरीबी का जीवन व्यापन किया। इतना ही नहीं उन्होंने सड़क पर उतरकर भीख भी मांगी। यह मामला काफी चर्चा में है। हम बात कर रहे हैं 3400 करोड़ से ज्यादा के मलिक पराग शाह की। पराग शाह महाराष्ट्र की घाटकोपर ईस्ट विधानसभा क्षेत्र के विधायक हैं। पराग शाह एक अलग सामाजिक और धार्मिक अनुभव लेने के लिए भिखारी का वेश धारण कर सड़कों पर निकले। इस दौरान वे सामान्य लोगों की तरह सार्वजनिक स्थानों पर गए, लेकिन वेश बदलने के कारण कई लोग उन्हें पहचान नहीं सके।

क्यों भिखारी बने विधायक?

मिली जानकारी के अनुसार, जैन धर्म के चातुर्मास के दौरान पराग शाह के गुरु नम्रमुनि ने उन्हें एक दिन भिखारी के जीवन और उसकी परिस्थितियों को करीब से समझने का अनुभव लेने की सलाह दी थी। इस सलाह के तहत प्राग शाह ने अपने नियमित सुरक्षा और अन्य संसाधनों से अलग रहते हुए मेकअप के जरिए भिखारी का रूप धारण किया। (MLA Parag Shah Viral Video) भिखारी का रूप घारण करने के बाद विधायक पराग शाह ने अलग-अलग स्थानों पर जाकर लोगों से संपर्क किया और भिक्षा मांगकर भोजन करने का भी अनुभव लिया। बाद में उन्होंने अपना वास्तविक परिचय सामने आने के बाद कुछ स्थानों पर दोबारा जाकर लोगों से बातचीत की और अपने अनुभव को साझा किया।

पराग शाह का भिखारी बनने की हर तरफ हो रही चर्चा

MLA Parag Shah Viral Video: आपकी जानकारी के लिए बता दें कि, पराग शाह घाटकोपर ईस्ट विधानसभा से विधायक है और उनका ये प्रयोग अब चर्चा का विषय बना हुआ है। हालांकि, इस घटना को केवल एक अलग व्यक्तिगत और धार्मिक अनुभव के रूप में देखा जा रहा है, जिसके जरिए उन्होंने समाज के एक वर्ग के जीवन और उसकी परिस्थितियों को समझने की कोशिश की। सवाल यह भी उठता है कि क्या किसी व्यक्ति के जीवन की वास्तविक सामाजिक और आर्थिक परिस्थितियों को कुछ घंटों या एक दिन के अनुभव से पूरी तरह समझा जा सकता है। यही पहलू इस घटना को केवल एक व्यक्तिगत अनुभव से आगे बढ़ाकर सामाजिक चर्चा का विषय भी बनाता है।

इन्हें भी पढ़ें:-