नागपुर में विस्फोटक निर्माण फैक्टरी में हुए धमाके में बेटी की मौत के बाद मां ने कहा: मैं टूट गई हूं

नागपुर में विस्फोटक निर्माण फैक्टरी में हुए धमाके में बेटी की मौत के बाद मां ने कहा: मैं टूट गई हूं

नागपुर में विस्फोटक निर्माण फैक्टरी में हुए धमाके में बेटी की मौत के बाद मां ने कहा: मैं टूट गई हूं
Modified Date: March 1, 2026 / 07:46 pm IST
Published Date: March 1, 2026 7:46 pm IST

(तस्वीरों के साथ)

(चार्ल्स साल्वे)

नागपुर, एक मार्च (भाषा) नागपुर की रहने वाली कांता चचाने की रविवार को दिन की शुरुआत आम दिनों की तरह हुई, लेकिन कुछ ही घंटों के भीतर, उनकी दुनिया तब उजड़ गई जब विस्फोटक बनाने वाली फैक्टरी में हुए धमाके में वहां काम कर रही उनकी बेटी की मौत की खबर आई।

चचाने उसी परिसर में कारखाने की एक अलग इकाई में काम करती हैं। वह हादसे में 26-वर्षीय बेटी मांगेश्री येस्कर की मौत की खबर सुनकर सदमे में हैं और यह सच्चाई स्वीकार नहीं कर पा रही हैं कि उनकी बेटी अब इस दुनिया में नहीं है।

उन्होंने बताया कि सुबह करीब सात बजे एक जोरदार धमाका हुआ, जिसके बाद लगभग डेढ़ घंटे तक लगातार धमाके होते रहे। कर्मचारी तुरंत इकाई से बाहर निकल आए और घायलों को अस्पतालों में ले जाया गया।

चचाने (42) ने ‘पीटीआई-भाषा’ से कहा, ‘‘मैं टूट चुकी हूं।’’ कुछ इसी तरह की हालत हादसे में जान गंवाने वाले अन्य लोगों के परिजनों की भी है।

नागपुर जिले की कटोल तहसील के राउलगांव में खनन और औद्योगिक विस्फोटक बनाने वाली कंपनी एसबीएल एनर्जी लिमिटेड के कारखाने में रविवार सुबह हुए एक शक्तिशाली विस्फोट में कम से कम 17 लोग मारे गए और 18 घायल हो गए।

पुलिस के मुताबिक, धमाके में मारे गए लोगों के शव बुरी तरह जल चुके हैं और उनकी पहचान करने में मुश्किल आ रही है। मृतकों की पहचान सुनिश्चित करने के लिए डीएनए परीक्षण के वास्ते परिवार के सदस्यों के नमूने लिये जा रहे हैं।

चचाने की बेटी मांगेश्री पति से अलग हो गई थी और दो बच्चों का अकेले परवरिश कर रही थी। वह पिछले एक साल से कारखाने में काम कर रही थी और रविवार को मां के साथ कार्यस्थल पर आई थी।

भाषा धीरज सुरेश

सुरेश


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