Sexually Assault Two Month Puppy : दो माह के पिल्ले को युवक ने बनाया हवस का शिकार, पब्लिक टॉयलेट कर रहा था शर्मनाक काम / Image: X
मुंबई: Sexually Assault Two Month Puppy आधुनिकता के दौर में इंसानियत तेजी से खत्म हो रही है। इसका ताजा उदाहरण मुंबई में देखने को मिला, जब पुलिस ने एक युवक को दो माह के पिल्ले के पब्लिक टॉयलेट में यौन शोषण के आरोप में गिरफ्तार किया है। इतना ही नहीं आरोपी ने यौन शोषण के बाद पिल्ले को बेरहमी से पीटा है। फिलहाल पिल्ले की हालत नाजुक है, जिसे पशु चिकित्सालय में भर्ती कराया गया है।
Sexually Assault Two Month Puppy मिली जानकारी के अनुसार मामला मलाड इलाके का है, जहां से एनिमल लवर गीता पटेल गुजर रही थी। इसी दौरान गीता ने पास के पब्लिक टॉयलेट से अजीबोगरीब आवाज सुनी, जिसके बाद उन्होंने तुरंत पुलिस को मामले की जानकारी दी। पुलिस ने भी बिना देरी किए मौके पर पहुंचकर युवक को हिरासत में लिया।
वहीं, पिल्ले के मेडिकल रिपोर्ट में इस बात का खुलासा हुआ है कि उसके बाहरी अंगों के साथ-साथ इंटरनल पार्ट्स में चोट के निशान पाए गए हैं। पिल्ले की जांच करने वाले डॉक्टर ने बताया कि उसकी हालत नाजुक है और वह दर्द से कराह रहा है। फिलहाल उपचार लगातार जारी है, जिसमें उसे थोड़ी राहत मिली है।
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार आरोपी की पहचान विकास बेसकर पासवान के रूप में हुई है। जांच में सामने आया कि युवक ने न केवल पिल्ले के साथ यौन उत्पीड़न किया, बल्कि उसे बेरहमी से पीटा भी, जिससे उसकी हालत बेहद नाजुक हो गई। घटना के बाद सार्वजनिक शौचालय के बाहर अफरा-तफरी मच गई। स्थानीय लोगों ने आरोपी को घेर लिया और इसी दौरान वहां मौजूद किसी व्यक्ति ने पूरे घटनाक्रम का वीडियो बना लिया। यह वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसके बाद लोगों में भारी गुस्सा देखने को मिल रहा है।
A 20-year-old man was booked in #Malad in #Mumbai for allegedly sexually assaulting a two-month-old puppy and thrashing it, a police official said on Thursday.
The incident took place on Sunday evening in a public toilet, the Kurar police station official added.
“Vikas Besakar… pic.twitter.com/uTnps2EOrG
— Hate Detector 🔍 (@HateDetectors) January 23, 2026
पुलिस का कहना है कि मेडिकल रिपोर्ट और अन्य साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई तय की जाएगी। वहीं, पशु प्रेमी संगठनों ने मांग की है कि आरोपी को तुरंत गिरफ्तार कर कठोर सजा दी जाए। मलाड की यह घटना एक बार फिर यह सोचने पर मजबूर करती है कि मासूम जानवरों की सुरक्षा के लिए कानून और समाज दोनों को और ज्यादा सख्त होना होगा।