पुणे (महाराष्ट्र), 28 मार्च (भाषा) महाराष्ट्र में पालघर जिले के एक स्वयंभू बाबा को खुद को भगवान शिव का अवतार बताकर एक महिला से बलात्कार करने के आरोप में पुणे से गिरफ्तार कर लिया गया है। पुलिस ने शनिवार को यह जानकारी दी।
एक अधिकारी ने बताया कि 40 वर्षीय आरोपी ऋषिकेश वैद्य को शुक्रवार को पिंपरी इलाके से गिरफ्तार किया गया।
पुलिस के अनुसार, नासिक में बलात्कार के आरोपी स्वयंभू बाबा अशोक खरात की हालिया गिरफ्तारी के बाद पुणे निवासी 35 वर्षीय महिला ने आरोपी वैद्य (40) के खिलाफ शिकायत दर्ज कराने का साहस जुटाया।
हालांकि, वैद्य ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट साझा कर अपने ऊपर लगे आरोपों से इनकार करते हुए दावा किया है कि उसके खिलाफ झूठा मामला दर्ज किया गया है।
चूंकि अपराध कथित तौर पर पुणे में हुआ, इसलिए वसई के मानिकपुर पुलिस थाने ने बुधवार को ‘जीरो प्राथमिकी’ दर्ज की और आगे की जांच के लिए मामले को पुणे के हडपसर पुलिस थाने को स्थानांतरित कर दिया।
‘जीरो प्राथमिकी’ ऐसी प्रथम सूचना रिपोर्ट होती है, जिसे भारत में किसी भी पुलिस थाने में दर्ज किया जा सकता है, भले ही अपराध कहीं भी हुआ हो या संबंधित थाने का अधिकार क्षेत्र कुछ भी हो।
पुलिस के अनुसार, महिला आरोपी के संपर्क में पहली बार 2023 में फेसबुक के जरिए आई थी।
दर्ज प्राथमिकी के हवाले से एक अधिकारी ने कहा, ‘‘उस साल (2023) दिसंबर में आरोपी महिला से मिलने पुणे गया था। उसने कथित तौर पर यह दावा किया कि वह महादेव (भगवान शिव) का अवतार है और वह उसकी ‘पार्वती’ है।’’
शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया कि व्यक्ति उसे पुणे के मांजरी इलाके के एक लॉज में ले गया और उसे कोई नशीला पदार्थ पिलाया तथा इसके बाद उसके साथ बलात्कार किया। आरोपी ने कथित तौर पर महिला की तस्वीरें भी ले लीं।
महिला के अनुसार, आरोपी का पालघर जिले में एक सामाजिक संगठन है और उसने तस्वीरों के जरिए उसे ‘ब्लैकमेल’ किया तथा पिछले साल मई में फिर से उसका यौन उत्पीड़न करने की कोशिश की।
पुणे पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, ‘‘वैद्य को पकड़ने के लिए टीम गठित की गई थीं और उसके ठिकाने के बारे में सूचना मिलने के बाद उसे पिंपरी इलाके से गिरफ्तार कर लिया गया।’’
भाषा खारी सिम्मी
सिम्मी