पहले पैपराजी और सोशल मीडिया की दखलअंदाजी नहीं थी : अभिनेत्री प्रीति जिंटा

पहले पैपराजी और सोशल मीडिया की दखलअंदाजी नहीं थी : अभिनेत्री प्रीति जिंटा

पहले पैपराजी और सोशल मीडिया की दखलअंदाजी नहीं थी : अभिनेत्री प्रीति जिंटा
Modified Date: September 11, 2026 / 02:00 pm IST
Published Date: September 11, 2026 2:00 pm IST

(कोमल पंचमटिया)

मुंबई, 11 सितंबर (भाषा) अभिनेत्री प्रीति जिंटा ने कहा कि आज के कलाकारों पर पहले की तुलना में अधिक दबाव है। बढ़ती पैपराजी संस्कृति और सोशल मीडिया की दखलअंदाजी के कारण उन्हें लगातार कड़ी सार्वजनिक निगरानी का सामना करना पड़ता है, जिससे पहले के कलाकारों को नहीं जूझना पड़ता था।

अभिनेत्री जिंटा वर्ष 2016 में शादी के बाद अमेरिका जाकर बस गईं थीं। वह अपनी आगामी जासूसी हास्य फिल्म “वाइब” के प्रचार के लिए मुंबई लौटीं जिसमें वह कुणाल खेमू के साथ दिखाई देंगी।

फिल्म “वाइब” में जिंटा जासूस मैडम एच की अनोखी भूमिका में नजर आएंगी। सनी देओल के साथ उनकी विभाजन पर आधारित फिल्म “बंटवारा 1947” की रिलीज के कुछ ही सप्ताह बाद यह सिनेमाघरों में आएगी। फिल्म में वह दो अनाड़ी दोस्तों को एक बेहद महत्वपूर्ण गुप्त मिशन के लिए भर्ती कर उन्हें प्रशिक्षण देने वाली जासूस की भूमिका निभा रही हैं।

जब उनसे पूछा गया कि फिल्मों में वापसी के बाद सबसे बड़ा सांस्कृतिक बदलाव उन्हें क्या लगा, तो उन्होंने कहा कि अब अभिनय में फिल्म के सेट से बाहर की चीजों से भी निपटना शामिल है।

जिंटा ने ‘पीटीआई-भाषा’ को दिए एक साक्षात्कार में कहा, “मेरे लिए सबसे बड़ा सांस्कृतिक बदलाव फिल्मों से जुड़ा नहीं है, बल्कि फिल्मों के आसपास की चीजों से जुड़ा है। जैसे, पैपराजी और सोशल मीडिया की दखलअंदाजी। पहले हमें सिर्फ सेट पर जाकर अभिनय करना होता था और काम खत्म करना होता था। अब, यहां आप कैसे कपड़े पहनते हैं, यह महत्वपूर्ण है, एयरपोर्ट पर आपका पहनावा कैसा है, यह भी महत्वपूर्ण है। अगर आप दुखी हैं, तो आपको भी फैशनेबल तरीके से दुखी दिखना है और अगर आप खुश हैं, तो आपको फैशनेबल तरीके से खुश दिखना है।”

कुणाल खेमू और चिराग निहलानी ने अपने निर्माण बैनर ड्रोंगो फिल्म्स के तहत, अमेजन एमजीएम स्टूडियोज के सहयोग से इस फिल्म का निर्माण किया है। “वाइब” 18 सितंबर को सिनेमाघरों में रिलीज होगी। फिल्म में कुणाल खेमू के साथ स्पर्श श्रीवास्तव और वंशिका धीर भी अभिनय कर रहे हैं।

भाषा तान्या वैभव

वैभव


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