टीटीडी लड्डू विवाद : सुधारात्मक कदम उठाने के लिए एक सदस्यीय समिति की घोषणा

Ads

टीटीडी लड्डू विवाद : सुधारात्मक कदम उठाने के लिए एक सदस्यीय समिति की घोषणा

  •  
  • Publish Date - February 5, 2026 / 05:05 PM IST,
    Updated On - February 5, 2026 / 05:05 PM IST

अमरावती, पांच फरवरी (भाषा) आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन चंद्रबाबू नायडू ने बृहस्पतिवार को तिरुपति लड्डू में कथित मिलावटी घी के इस्तेमाल को “भगवान के खिलाफ सबसे बड़ा पाप” करार देते हुए विशेष जांच दल (एसआईटी) की रिपोर्ट के बाद सुधारात्मक कदम उठाने के लिए एक सदस्यीय समिति गठित करने की घोषणा की।

नायडू ने कहा कि वर्ष 2022 में, जब वाईएसआरसीपी सत्ता में थी, उस समय केंद्रीय खाद्य प्रौद्योगिकी अनुसंधान संस्थान (सीएफटीआरआई) की रिपोर्ट में भी मिलावट घी की बात स्पष्ट रूप से सामने आई थी।

मुख्यमंत्री ने एक संवाददाता सम्मेलन में कहा कि वर्ष 2024 में मुख्यमंत्री पद संभालने के बाद तिरुमला तिरुपति देवस्थानम (टीटीडी) में “शुद्धिकरण प्रक्रिया” के तहत घी के नमूने एनडीडीबी-कैल्फ को भेजे गए थे जिसने साफ तौर पर कहा कि घी में पशु चर्बी की मिलावट थी।

उन्होंने कहा, “एनडीडीबी ने साफ तौर पर बताया कि घी में पशु चर्बी की मिलावट की गई थी। मैंने वही कहा था। आज एसआईटी ने अपनी रिपोर्ट सौंप दी है। घी पर एसआईटी की रिपोर्ट में कहा गया है कि इसमें पामोलीन तेल और रसायनों की मिलावट की गई थी।”

मुख्यमंत्री ने बताया कि एसआईटी ने कुछ लोगों के खिलाफ प्रशासनिक कार्रवाई करने के लिए एक रिपोर्ट प्रस्तुत की है।

उन्होंने कहा, “हम खामियों का अध्ययन करने और सुधारात्मक कदम उठाने के लिए एक सदस्यीय समिति गठित करेंगे। यदि कोई अतिरिक्त जानकारी सामने आती है तो उसे अदालत में प्रस्तुत किया जाएगा।”

नायडू ने आरोप लगाया कि पूर्व मुख्यमंत्री वाई एस जगन मोहन रेड्डी के नेतृत्व वाली सरकार ने कथित रूप से इस मिलावट में शामिल होकर “पाप” किया।

उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि पिछले शासनकाल में कई मंदिरों पर हमले हुए।

भगवान वेंकटेश्वर स्वामी को अपना “कुल देवता” बताते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्हें विश्वास है कि वर्ष 2003 की शुरुआत में नक्सलियों द्वारा किए गए हमले के दौरान भगवान ने ही उनकी रक्षा की थी।

टीटीडी भगवान वेंकटेश्वर के उस पहाड़ी मंदिर का संरक्षक है, जहां दुनिया भर से हर साल लाखों श्रद्धालु दर्शन के लिए आते हैं।

सितंबर 2024 में उस समय विवाद खड़ा हो गया था, जब नायडू ने राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) की एक बैठक में आरोप लगाया था कि मंदिर के प्रसाद (लड्डू) के निर्माण में घटिया सामग्री और पशु वसा का इस्तेमाल किया गया।

इस मामले की जांच सीबीआई की विशेष जांच टीम कर रही है।

भाषा

राखी नरेश

नरेश