नागपुर, चार जून (भाषा) राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के प्रमुख मोहन भगवत ने बृहस्पतिवार को कहा कि ‘भारत का समय आ गया है’ क्योंकि दुनिया संघर्षों, आसमान छूती तेल की कीमतों और गहरी व्यवस्थागत दुविधा से जूझ रही है।
नागपुर में आरएसएस स्वयंसेवक प्रशिक्षण शिविर के समापन समारोह में भागवत ने जोर देकर कहा कि भारत वह समग्र समाधान प्रदान करने का सामर्थ्य रखता है जिसकी वैश्विक समुदाय को वर्तमान में कमी है।
समारोह में प्रमुख उद्योगपति कुमार मंगलम बिरला मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित थे।
आरएसएस प्रमुख ने कहा, ‘जिन देशों का विश्व के संघर्षों से कोई सीधा संबंध नहीं है, वे भी प्रभावित हो रहे हैं। युद्ध ईरान और अमेरिका के बीच है, और यहां तेल की कीमतें बढ़ रही हैं।’
भागवत ने कहा कि दुनिया ताकतवर की बात सुनती है, और हमें अपने देश को ‘‘अत्यंत समृद्ध’’ बनाने की जरूरत है।
उन्होंने कहा, ‘‘हमें अपने देश को अत्यंत समृद्ध बनाना होगा… दुनिया ताकतवर की बात सुनती है।’’
उन्होंने कहा कि भले ही दुनिया जानती है कि भारत सच बोलता है, लेकिन सिर्फ सच होने के कारण इसे स्वीकार नहीं किया जाता। उन्होंने कहा, ‘‘हम देखते हैं कि शक्तिशाली लोग मनमानी करते हैं और जिनके पास शक्ति नहीं होती, वे सिर झुकाकर उनकी आज्ञा का पालन करते हैं। चाहे आप किसी दूसरे देश पर कब्जा करें, किसी पर बम गिराएं या दुनिया की तेल आपूर्ति काट दें, यह सब शक्ति के कारण ही होता है।’’
उन्होंने कहा, ‘‘दुनिया कहती है कि उसे एक नये रास्ते की जरूरत है, और वह रास्ता भारत ही दिखाएगा। इसलिए भारत का समय आ गया है। लेकिन समय ही सब कुछ नहीं कर देता। उस समय के लिए तैयारी करनी पड़ती है।’’
भाषा तान्या सुभाष
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