एंटरटेनमेंट डेस्क : Ishan Kishan News क्रिकेट सिर्फ रनों का खेल नहीं है, बल्कि यह इंसान के धैर्य और दिमागी मजबूती की परीक्षा भी है। ईशान किशन की भारतीय टीम में वापसी की कहानी इसी हिम्मत की मिसाल है। एक समय था जब ईशान टीम इंडिया का पक्का हिस्सा थे, उनकी तूफानी बल्लेबाजी और विकेटकीपिंग की दुनिया दीवानी थी। लेकिन फिर वक्त बदला, टीम में नए खिलाड़ी आए और अचानक ईशान टीम से बाहर हो गए। टीम से बाहर होना किसी भी खिलाड़ी के लिए किसी बड़े झटके से कम नहीं होता, और ईशान के लिए भी यह दौर बहुत मुश्किलों भरा था।
” करियर अब हो गया है खत्म “
ईशान जब टीम से बाहर हुए, तो हर तरफ उन पर सवाल उठने लगे। लोग कहने लगे कि अब उनका करियर खत्म हो गया है। Entertainment News किसी भी युवा खिलाड़ी के लिए खुद को मैदान से दूर रखना और लगातार हो रही आलोचनाओं को सहना आसान नहीं होता। यह उनके लिए एक गहरा सदमा था, जहाँ उन्हें अपने भविष्य को लेकर अनिश्चितता महसूस हो रही थी। लेकिन बिहार से ताल्लुक रखने वाले ईशान ने हार नहीं मानी। उन्होंने आलोचनाओं का जवाब देने के बजाय खामोशी से अपनी मेहनत पर ध्यान देना शुरू किया।
घर में बहाया खूब पसीना
वापसी करने के लिए ईशान ने सोशल मीडिया और सुर्खियों से दूरी बना ली। उन्होंने घरेलू क्रिकेट में खूब पसीना बहाया, अपनी फिटनेस को बेहतर किया और अपनी बल्लेबाजी की कमियों को सुधारा। कहते हैं कि चैंपियन खिलाड़ी अपनी जीत की तैयारी शांति से करते हैं। ईशान ने भी वही किया। उन्होंने खुद को मानसिक रूप से मजबूत बनाया ताकि जब भी उन्हें दोबारा मौका मिले, तो वह पहले से ज्यादा बेहतर नजर आएं। उनकी यह खामोश मेहनत ही उनके आने वाले सुनहरे कल की नींव बनी।
करियर में हुआ बड़ा कमबैक
जब ईशान ने दोबारा टीम इंडिया की जर्सी पहनी, तो मैदान पर एक बदला हुआ खिलाड़ी नजर आया। उनके खेल में वही पुरानी निडरता तो थी ही, साथ ही अब उसमें अनुभव की समझदारी भी जुड़ गई थी। उन्होंने अपनी शानदार बल्लेबाजी से साबित कर दिया कि मुश्किल वक्त ने उन्हें तोड़ा नहीं, बल्कि और भी मजबूत बना दिया। एक गहरे सदमे से बाहर निकलकर फिर से हीरो बनना यह दिखाता है कि अगर आपमें जिद और जुनून है, तो आप किसी भी बाधा को पार कर सकते हैं।