यह कहना आसान है कि बढ़त होते हुए रक्षात्मक होकर खेलना गलत था: इंग्लैंड के कोच ट्यूशेल

यह कहना आसान है कि बढ़त होते हुए रक्षात्मक होकर खेलना गलत था: इंग्लैंड के कोच ट्यूशेल

यह कहना आसान है कि बढ़त होते हुए रक्षात्मक होकर खेलना गलत था: इंग्लैंड के कोच ट्यूशेल
Modified Date: July 16, 2026 / 04:14 am IST
Published Date: July 16, 2026 4:14 am IST

अटलांटा, 15 जुलाई (एपी) विश्व कप सेमीफाइनल में जब समय खत्म हो रहा था तो इंग्लैंड अपनी बढ़त को हर हाल में बचाए रखना चाहता था और कोच थॉमस ट्यूशेल ने गोलमुख के सामने एक मजबूत दीवार बनाने के लिए एकादश और रणनीति में बदलाव किए लेकिन अर्जेंटीना और लियोनल मेसी ने उस दीवार को आसानी से तोड़ दिया।

दूसरे हाफ के आखिरी लम्हों में इंग्लैंड 1-0 से आगे था लेकिन मेस्सी की मदद से 85वें मिनट में एंजो फर्नांडीज और इंजरी टाइम के दूसरे मिनट में लॉटेरो मार्टिनेज ने गोल किए जिससे अर्जेंटीना ने बुधवार को 2-1 से जीत दर्ज करके फाइनल में जगह बनाई।

फ़ुटबॉल की सबसे बड़ी प्रतिद्वंद्विताओं में से एक इस बड़े मुकाबले में ट्यूशेल की रणनीतिक चालों की शायद वर्षों तक समीक्षा और आलोचना होगी क्योंकि इंग्लैंड 1966 के बाद पहली बार विश्व कप फाइनल में पहुंचने से चूक गया।

ट्यूशेल ने कहा, ‘‘वे हर हेडर पर प्रहार कर रहे थे। वे लगातार क्रॉस पर क्रॉस दे रहे थे इसलिए हमने ‘बैक फाइव’ (रक्षा पंक्ति में पांच खिलाड़ी) वाली रणनीति अपनाई।’’

उन्होंने कहा, ‘‘हमारे गोल के ठीक बाद हमने बहुत सारे क्रॉस और बहुत सारे मौके विरोधी टीम को दे दिए। इसलिए हमने मदद करने की कोशिश की। लेकिन जाहिर है कि जिम्मेदारी कोच की होती है। और… अगर चीजें ठीक नहीं होतीं तो यह कहना आसान होता है कि फैसला गलत था।’’

एपी सुधीर

सुधीर


लेखक के बारे में