जदुमणि ने भारत-पाकिस्तान के रोमांचक मुकाबले में मारी बाजी, प्रीति पदक से एक जीत दूर

जदुमणि ने भारत-पाकिस्तान के रोमांचक मुकाबले में मारी बाजी, प्रीति पदक से एक जीत दूर

जदुमणि ने भारत-पाकिस्तान के रोमांचक मुकाबले में मारी बाजी, प्रीति पदक से एक जीत दूर
Modified Date: July 27, 2026 / 01:48 am IST
Published Date: July 27, 2026 1:48 am IST

(तस्वीरों के साथ) … अपराजिता उपाध्याय…

ग्लास्गो, 26 जुलाई (भाषा) भारत के जदुमणि सिंह ने पाकिस्तान के सुमामा रहमान को एकतरफा मुकाबले में शिकस्त दी जबकि एशियाई खेलों की कांस्य पदक विजेता प्रीति पवार ने भी आसानी से जीत दर्ज कर राष्ट्रमंडल खेलों की मुक्केबाजी स्पर्धा में रविवार को क्वार्टर फाइनल में प्रवेश किया। एसईसी सेंटर में ‘भारत माता की जय’ और ‘इंडिया-इंडिया’ के गूंजते नारों के बीच जदुमणि ने रहमान को एकतरफा मुकाबले में 5-0 से हराया। सेना के इस मुक्केबाज ने अपनी बेहतरीन तकनीक, तेज गति और रिंग पर नियंत्रण के दम पर प्रभावशाली जीत दर्ज की। करगिल विजय दिवस पर अपनी जीत को करगिल युद्ध के वीरों को समर्पित करने वाले जदुमणि ने एक और शानदार प्रदर्शन के बाद अपना लक्ष्य दोहराया। उन्होंने कहा, ‘‘मैं यह जीत करगिल के वीरों को समर्पित करना चाहता हूं। मैं सभी को हराकर भारत के लिए स्वर्ण पदक जीतना चाहता हूं।’’ पहले दौर में जदुमणि ने अपने प्रतिद्वंद्वी को परखा, लेकिन जल्द ही उन्होंने रहमान की रणनीति समझ ली और मुकाबले पर पूरी तरह नियंत्रण बना लिया। उन्होंने लगातार सटीक हुक और सीधे पंच लगाए। दूसरे राउंड में उनके दायें हाथ के करारे पंच के बाद रेफरी को रहमान को स्टैंडिंग काउंट देना पड़ा। अंतिम राउंड में बढ़त लगभग तय होने के बावजूद जदुमणि आत्मविश्वास के साथ रिंग में डटे रहे। उन्होंने बीच में खड़े होकर रहमान को आक्रमण के लिए आमंत्रित किया और फिर अपनी तेज गति व बेहतर मूवमेंट से जवाब दिया। जदुमणि के सामने मंगलवार को खेले जाने वाले क्वार्टर फाइनल में जाम्बिया के म्वेंगो म्वाले की चुनौती होगी। जदुमणि अब पदक से सिर्फ एक जीत दूर हैं। महिलाओं के 54 किग्रा वर्ग में प्रीति पवार ने भी क्वार्टर फाइनल में पहुंचकर पदक की उम्मीदें कायम रखी हैं। भिवानी की 22 वर्षीय प्रीति ने प्री-क्वार्टर फाइनल में मलावी की डेबोरा मतेनजे को दूसरे दौर में ही आरएससी (रेफरी द्वारा मुकाबला रोकना) के फैसले से हराया। एशियाई खेलों (2022) की कांस्य पदक विजेता और पिछले वर्ष नयी दिल्ली विश्व कप की स्वर्ण पदक विजेता प्रीति ने मुकाबले में शुरू से ही दबदबा बनाए रखा। मलावी की मुक्केबाज को दोनों दौर में एक-एक बार स्टैंडिंग काउंट का सामना करना पड़ा। दूसरे दौर में मुकाबला समाप्त होने से 47 सेकंड पहले रेफरी ने लड़ाई रोक दी। पहले दौर में सभी पांचों जजों ने प्रीति के पक्ष में फैसला दिया था। प्रीति भी मंगलवार को अंतिम आठ का मुकाबला खेलेगी। प्रीति के सामने उत्तरी आयरलैंड की निकोल क्लाइड की चुनौती होगी। दोनों मुक्केबाज एक-दूसरे से अच्छी तरह परिचित हैं। राष्ट्रमंडल खेलों से पहले बेलफास्ट में दोनों ने ‘स्पारिंग पार्टनर’ के रूप में साथ ट्रेनिंग ली थी। प्रीति ने पीटीआई से कहा, ‘‘यह मेरा पहला मुकाबला था और मैं देखना चाहती थी कि रिंग में खुद को किस तरह संभाल पाती हूं। पहले राउंड में मैंने रिंग के माहौल को समझा और दूसरे राउंड में आक्रामक खेल दिखाया। ’’ उन्होंने कहा, ‘‘मेरा ड्रॉ अच्छा है और मैं अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करूंगी। उम्मीद है कि मैं भारत के लिए पदक जीतने में सफल रहूंगी। ’’ दिन के तीसरे भारतीय मुक्केबाज आदित्य प्रताप को हालांकि पुरुष 65 किग्रा वर्ग के शुरुआती मुकाबले में युगांडा के नूह बाटे से 2-3 से हार का सामना करना पड़ा। भाषा आनन्द आनन्दआनन्द


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