(Mahindra & Mahindra Ltd Share Price/ Image Credit: IBC24 News)
Mahindra & Mahindra Ltd Share आज ऑटो सेक्टर की प्रमुख कंपनी महिंद्रा एंड महिंद्रा (M&M) के शेयरों में भारी बिकवाली देखी गई। शुरुआती कारोबार में इस शेयर में करीब 5% की गिरावट दर्ज की गई, जिससे यह निफ्टी 50 के टॉप लूजर्स में शामिल हो गया। बीएसई पर यह करीब 12:55 बजे 3,399.50 रुपये पर ट्रेड कर रहा है, जबकि इंट्रा-डे में यह 3,363.70 रुपये तक गिर गया था। यह कंपनी के शेयरों के लिए चार महीने में एक दिन की सबसे बड़ी गिरावट है। आज निफ्टी ऑटो इंडेक्स में कुल 15 दिग्गज कंपनियों में केवल 5 स्टॉक्स ही हरे निशान में हैं।
भारत और यूरोपीय यूनियन (EU) के बीच हाल ही में हुए फ्री ट्रेड एग्रीमेंट (FTA) के कारण M&M के शेयरों पर दबाव पड़ा। इस एग्रीमेंट के तहत यूरोपीय संघ को ऑटो और टेक्नोलॉजी सेक्टर में विशेष लाभ मिलेगा। इलेक्ट्रिक व्हीकल्स, इंटर्नल कंबस्चन इंजन और हैवी कमर्शियल व्हीकल्स के लिए अलग कोटा तय किया गया है। यूरोपीय संघ से कारों के आयात पर ड्यूटी 66%-110% से घटाकर 30%-35% की जाएगी और पांच साल में इसे 10% तक लाया जाएगा। वहीं भारत से कारों के निर्यात के लिए यूरोपीय संघ की तुलना में 2.5 गुना अधिक कोटा मिलेगा।
ब्रोकरेज फर्म गोल्डमैन सैक्स के अनुसार, इस डील का सबसे बड़ा असर उन ब्रांड्स पर पड़ेगा जो प्रीमियम और लग्जरी सेगमेंट में हैं। महिंद्रा एंड महिंद्रा की XUV700 और स्कॉर्पियो जैसी कारें इस सेगमेंट में आती हैं। उनके अनुमान के मुताबिक इस फ्री ट्रेड एग्रीमेंट का कंपनी की प्रॉफिटेबिलिटी पर 1.9% तक असर पड़ सकता है। हालांकि, यह एग्रीमेंट अगले साल 2027 से लागू होगा और फिलहाल कंपनी ने अपने वित्तीय नतीजों पर इस डील के असर के बारे में कोई आधिकारिक बयान नहीं दिया है।
| विवरण | मूल्य |
| आज का शेयर मूल्य | ₹3,399.50 |
| बदलाव | −₹143.90 (−4.06%) |
| ओपन | ₹3,437.20 |
| उच्चतम (High) | ₹3,497.70 |
| न्यूनतम (Low) | ₹3,363.70 |
| मार्केट कैप (Mkt Cap) | ₹4.08 लाख करोड़ |
| P/E अनुपात | 26.81 |
| 52-सप्ताह उच्च (52-wk High) | ₹3,839.90 |
| 52-सप्ताह न्यूनतम (52-wk Low) | ₹2,425.00 |
| डिविडेंड यील्ड | 0.74% |
| त्रैमासिक डिविडेंड राशि | ₹6.29 |
Mahindra & Mahindra Ltd के शेयरों ने पिछले साल 7 अप्रैल 2025 को 2,360.45 रुपये पर कारोबार किया था, जो इसका साल का सबसे निचला स्तर था। इसके बाद नौ महीने में शेयरों ने 62.68% की बढ़त दर्ज की और 5 जनवरी 2026 को यह 3,840 रुपये के रिकॉर्ड हाई पर पहुंच गया था। लेकिन आज की गिरावट ने निवेशकों को अलर्ट कर दिया है, परंतु विशेषज्ञ मानना हैं कि लंबी अवधि में शेयर की क्षमता अभी भी मजबूत बनी हुई है।
नोट:- शेयर बाजार में निवेश जोखिम के अधीन होता है। शेयरों, म्यूचुअल फंड्स और अन्य वित्तीय साधनों की कीमतें बाजार की स्थितियों, आर्थिक परिस्थितियों और अन्य कारकों के आधार पर घट-बढ़ सकती हैं। इसमें पूंजी हानि की संभावना भी शामिल है। इस जानकारी का उद्देश्य केवल सामान्य जागरूकता बढ़ाना है और इसे निवेश या वित्तीय सलाह के रूप में नहीं लिया जाना चाहिए।