(Suzlon Energy Share Price/ Image Credit: Meta AI)
नई दिल्ली: Suzlon Energy Share Price रिन्यूएबल एनर्जी कंपनी सुजलॉन एनर्जी लिमिटेड ने मैनेजमेंट में बड़ा बदलाव किया है। कंपनी ने अजय कपूर को ग्रुप मुख्य कार्यपालक अधिकारी (CEO) नियुक्त किया है। इस खबर के बीच मंगलवार को शेयर में तेज गिरावट दर्ज की गई और ट्रेडिंग के दौरान यह 43.36 रुपये के रिकॉर्ड निचले स्तर तक लुढ़क गया, जो इसका 52 हफ्तों का सबसे निचला स्तर है। इससे पहले मई 2025 में शेयर 74.30 रुपये के उच्चतम स्तर पर पहुंचा था। जो इसका 52 सप्ताह का उच्चस्तर है।
सुजलॉन ने ‘Suzlon 2.0’ रणनीति के तहत नई ग्रुप एग्जीक्यूटिव काउंसिल (GEC) बनाई है। जे.पी. चलसानी को इस काउंसिल में प्रमोट किया गया है। वह चेयरमैन और मैनेजिंग डायरेक्टर के साथ मिलकर समूह की रणनीतिक योजनाओं को आगे बढ़ाएंगे। अजय कपूर संगठन में बदलाव, विस्तार और नए विकास चरण की तैयारी की जिम्मेदारी संभालेंगे। कंपनी का कहना है कि यह कदम भविष्य की ग्रोथ को ध्यान में रखकर उठाया गया है।
शेयर में गिरावट के बावजूद ब्रोकरेज हाउस सकारात्मक नजर आ रहे हैं। जेएम फाइनेंशियल ने स्टॉक पर ‘Buy’ रेटिंग बरकरार रखते हुए 64 रुपये का टारगेट प्राइस दिया है। वहीं, नुवामा इंस्टीट्यूशनल इक्विटीज ने भी ‘Buy’ रेटिंग दोहराई, लेकिन टारगेट प्राइस को 60 रुपये से घटाकर 55 रुपये कर दिया है। इससे संकेत मिलता है कि लंबी अवधि में विशेषज्ञ कंपनी की संभावनाओं को लेकर आशावादी हैं।
| विवरण | आंकड़ा |
| मौजूदा शेयर कीमत | ₹44.03 |
| आज का बदलाव | −₹0.22 (−0.50%) |
| ओपन प्राइस | ₹44.25 |
| दिन का उच्चतम (High) | ₹44.33 |
| दिन का न्यूनतम (Low) | ₹43.36 |
| मार्केट कैप | ₹60.33KCr |
| P/E रेशियो | 18.73 |
| 52-सप्ताह का उच्चतम | ₹74.30 |
| 52-सप्ताह का न्यूनतम | ₹43.36 |
| डिविडेंड | उपलब्ध नहीं |
| त्रैमासिक डिविडेंड राशि | उपलब्ध नहीं |
दिसंबर तिमाही में सुजलॉन का मुनाफा करीब 15 प्रतिशत बढ़कर 445 करोड़ रुपये हो गया। पिछले साल इसी तिमाही में कंपनी ने 388 करोड़ रुपये का लाभ कमाया था। कंपनी का परिचालन राजस्व भी बढ़कर 4,228 करोड़ रुपये पहुंच गया, जो एक साल पहले 2,969 करोड़ रुपये था। बेहतर आय के बावजूद शेयर में गिरावट ने निवेशकों को सतर्क कर दिया है।
नोट:- शेयर बाजार में निवेश जोखिम के अधीन होता है। शेयरों, म्यूचुअल फंड्स और अन्य वित्तीय साधनों की कीमतें बाजार की स्थितियों, आर्थिक परिस्थितियों और अन्य कारकों के आधार पर घट-बढ़ सकती हैं। इसमें पूंजी हानि की संभावना भी शामिल है। इस जानकारी का उद्देश्य केवल सामान्य जागरूकता बढ़ाना है और इसे निवेश या वित्तीय सलाह के रूप में नहीं लिया जाना चाहिए।