(Tata Motors Ltd Share Price/ Image Credit: Meta AI)
नई दिल्ली: Tata Motors Ltd Share Price: देश की प्रमुख कॉमर्शियल व्हीकल निर्माता टाटा मोटर्स को 5000 से ज्यादा बस और बस चेसिस का ऑर्डर मिला है। कंपनी ने यह जानकारी शुक्रवार को स्टॉक एक्सचेंज में दी। इस ऑर्डर को ई-बिडिंग के जरिए प्राप्त किया गया है और यह कई राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के ट्रांसपोर्ट निगमों से आया है।
टाटा मोटर्स को यह बड़ा ऑर्डर महाराष्ट्र स्टेट रोड ट्रांसपोर्ट, गुजरात स्टेट रोड ट्रांसपोर्ट, नॉर्थ वेस्टर्न कर्नाटक ट्रांसपोर्ट, तेलंगाना स्टेट रोड ट्रांसपोर्ट, बिहार स्टेट रोड ट्रांसपोर्ट, राजस्थान स्टेट रोड ट्रांसपोर्ट, केरल स्टेट रोड ट्रांसपोर्ट, हरियाणा रोडवेज और चंडीगढ़ ट्रांसपोर्ट से मिला है। इन सभी जगहों से कंपनी की बसों और बस चेसिस की मांग आई है।
इस ऑर्डर में टाटा मैगना, टाटा सिटीराइड, टाटा स्टारबस और टाटा स्टालबस प्राइस की डिमांड शामिल है। इसके साथ ही टाटा एलपीओ 1618, एलपीओ 1622 और एलपीओ 1822 चेसिस भी खरीदारों की ओर से मांगे गए हैं। टाटा मोटर्स के पास 9 सीट से लेकर 55 सीट तक की बसें उपलब्ध हैं, जिससे कंपनी का कॉमर्शियल पैसेंजर पोर्टफोलियो मजबूत है।
| विवरण | आंकड़े |
| मौजूदा कीमत | ₹426.00 |
| आज का बदलाव | −₹17.55 (−3.96%) |
| ओपन प्राइस | ₹439.00 |
| दिन का हाई | ₹442.15 |
| दिन का लो | ₹418.00 |
| मार्केट कैप | ₹1.57 लाख करोड़ |
| P/E रेशियो | 60.96 |
| 52 सप्ताह का हाई | ₹509.00 |
| 52 सप्ताह का लो | ₹306.30 |
| डिविडेंड | – |
| तिमाही डिविडेंड राशि | – |
| डेटा अपडेट | 13 मार्च, 3:30 PM IST |
आज शुक्रवार को टाटा मोटर्स के शेयर बीएसई में 439 रुपये पर खुले और दिन में 418 रुपये तक आ गए। दोपहर 3:30 बजे शेयर 426 रुपये पर बंद हुए, यानी 3.96% की गिरावट दर्ज की गई। हालांकि, पिछले 3 महीनों में शेयर ने निवेशकों को 14% का रिटर्न दिया है। 52-सप्ताह का हाई 509 रुपये और लो 306.30 रुपये है। कुछ समय पहले टाटा मोटर्स को दो भागों में बांटकर पैसेंजर और कॉमर्शियल व्हीकल्स सेगमेंट को फोकस बढ़ाने के लिए अलग किया गया था।
नोट:- शेयर बाजार में निवेश जोखिम के अधीन होता है। शेयरों, म्यूचुअल फंड्स और अन्य वित्तीय साधनों की कीमतें बाजार की स्थितियों, आर्थिक परिस्थितियों और अन्य कारकों के आधार पर घट-बढ़ सकती हैं। इसमें पूंजी हानि की संभावना भी शामिल है। इस जानकारी का उद्देश्य केवल सामान्य जागरूकता बढ़ाना है और इसे निवेश या वित्तीय सलाह के रूप में नहीं लिया जाना चाहिए।