बांदा (उप्र), नौ जुलाई (भाषा) मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बृहस्पतिवार को समाजवादी पार्टी (सपा) और कांग्रेस पर आरोप लगाया कि उनकी सरकारों ने बुंदेलखंड को डकैत और स्थानीय युवाओं को ‘तमंचे’ पकड़ा दिये थे मगर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) सरकार ने मूलभूत ढांचे, रोजगार और डिफेंस इंडस्ट्रियल कॉरिडोर के जरिये इस पिछड़े इलाके की तस्वीर ही बदल दी है।
योगी ने बांदा और बबेरू विधानसभा क्षेत्रों में 710 करोड़ रुपये की लागत वाली 229 विकास परियोजनाओं के उद्घाटन/शिलान्यास और विभिन्न योजनाओं के लाभार्थियों को नियुक्ति पत्र/स्वीकृति पत्र/चेक/आयुष्मान और मुख्यमंत्री कैशलेस मेडिकल कार्ड/चाबियां और टूल किट बांटने के बाद एक जनसभा को संबोधित किया।
उन्होंने कहा कि जो बुंदेलखंड कभी पलायन, सूखे और कानून-व्यवस्था की खराब स्थिति के लिए जाना जाता था, वह भाजपा की ‘डबल-इंजन सरकार’ के राज में यातायात सम्पर्क, निवेश और डिफेंस मैन्युफैक्चरिंग का केंद्र बनकर उभरा है।
मुख्यमंत्री ने कहा, ”आज बुंदेलखंड के पास अपना एक्सप्रेस वे है और यहां डिफेंस मैन्युफैक्चरिंग कॉरिडोर बन रहा है… लेकिन याद करिये, समाजवादी पार्टी और कांग्रेस के लोगों ने यहां डकैत दिए थे। नौजवानों को नौकरी तो नहीं दी लेकिन उनके हाथ में तमंचे पकड़ा दिये थे और हमारी सरकार अब बुंदेलखंड को डिफेंस मैन्युफैक्चरिंग कॉरिडोर का एक हब बन रही है।”
उन्होंने कहा कि इस कॉरिडोर के माध्यम से सरकार ब्रह्मोस जैसी मिसाइल बनाती है और वह मिसाइल जब दुश्मन पर दागी जाती है तो पाकिस्तान भी ‘बाप-बाप’ करके चिल्लाता दिखाई देता है। उन्होंने कहा कि यह भारत का शौर्य है यह भारत का प्रक्रम है भारत के बहादुर जवानों के लिए भारत की विजय का शंखनाद है और बुंदेलखंड उसका केंद्र बिंदु बन रहा है
उन्होंने पूर्ववर्ती सरकारों पर बुंदेलखंड की अनदेखी करने का आरोप लगाते हुए कहा कि इस क्षेत्र का पिछड़ापन यहां के युवाओं के पलायन का कारण बना था और पलायन तथा प्यास बुंदेलखंड की पहचान बन गयी थी।
उन्होंने कहा, ”अगर कोई भू माफिया या डकैत चुनाव जीतकर जाएगा तो जीतने के बाद वह व्यापारी का तो अपहरण करेगा ही, सम्मानित लोगों की जमीनों पर भी कब्जा करेगा, गरीबों को भी उजाड़ेगा और साथ-साथ जो शासन की योजना गरीबों, किसानों और नौजवानों के लिये है उस पर भी शासन में बैठकर डकैती डालने का काम करेगा। वर्ष 2017 के पहले यही तो होता था।”
मुख्यमंत्री ने कहा कि बुंदेलखंड में कहीं खनन माफिया, कहीं लैंड माफिया, कहीं सैंड माफिया और कहीं पर डकैतों का ऐसा आतंक था कि किसान भी खेत में जाने से डरते थे।
उन्होंने कहा कि बुंदेलखंड में न तो कनेक्टिविटी थी, ना ही पेयजल और सिंचाई की सुविधा थी, न नौकरी और रोजगार था, थानों में मुकदमे भी दर्ज नहीं किये जाते थे, बेटियां असुक्षित थीं मगर वर्ष 2014 में केंद्र में नरेन्द्र मोदी सरकार बनने के बाद बुंदेलखंड के लिये आशा की किरण जागी और 2017 में प्रदेश में ‘डबल इंजन’ की सरकार बनी तो बुंदेलखंड का विकास हुआ।
योगी ने कहा, ”आज बुंदेलखंड में क्या नहीं है? आज सब कुछ है। महारानी दुर्गावती के नाम पर मेडिकल कॉलेज काम कर रहा है, कृषि विश्वविद्यालय कार्य कर रहा है, इंजीनियरिंग कॉलेज और पॉलिटेक्निक का शिलान्यास हो रहा है और उद्घाटन भी हो रहा है। कनेक्टिविटी की बेहतर सुविधाओं के लिए परियोजनाओं का शिलान्यास लोकार्पण भी आज यहां होने जा रहा है। यह तभी संभव है जब अच्छे जन प्रतिनिधि चुने जाते हैं।”
उन्होंने सवाल पूछा कि समाजवादी पार्टी या कांग्रेस के शासनकाल में वीरांगना अवंती बाई लोधी और महाराणा प्रताप की मूर्तियां क्यों नहीं स्थापित हो पायीं, क्यों नहीं मंदिरों के सौंदर्यीकरण का कार्य हो पाया, क्यों नहीं बुंदेलखंड की कनेक्टिविटी के बेहतरीन कार्य संपन्न हो पाए… क्योंकि उनकी (सपा और कांग्रेस) रुचि ही नहीं थी।
मुख्यमंत्री ने कहा, ”मैं आपका आह्वान करूंगा कि जो भारत के विरासत का अपमान कर रहे हैं, जिनकी सोच नकारात्मक है, विकास विरोधी है उन्हें एक सिरे से उन्हें खारिज करिये। वर्तमान और देश के भविष्य को देखते हुए हम सबको इनके बारे में पूरी तन्मयता के साथ सोचकर कार्य करना होगा।”
भाषा सलीम नरेश रंजन
रंजन