UP Muslim Teacher News: “हिजाब की वजह से निकाला स्कूल से”.. इंटरनेट पर वीडियो वायरल, प्रबंधन ने किया हैरान कर देने वाला खुलासा

UP Muslim Teacher News: "हिजाब की वजह से निकाला स्कूल से".. इंटरनेट पर वीडियो वायरल, प्रबंधन ने किया हैरान कर देने वाला खुलासा

UP Muslim Teacher News: “हिजाब की वजह से निकाला स्कूल से”.. इंटरनेट पर वीडियो वायरल, प्रबंधन ने किया हैरान कर देने वाला खुलासा

muslim teacher/ image source: hai_mahmoodul x handle

Modified Date: May 12, 2026 / 12:13 am IST
Published Date: May 12, 2026 12:13 am IST
HIGHLIGHTS
  • मुस्लिम टीचर होने पर आरोप
  • हिजाब हटाने की शर्त
  • स्कूल पर भेदभाव का आरोप

UP Muslim Teacher News: वाराणसी। शिक्षिका समरीन बानो के एक वीडियो ने सोशल मीडिया पर नई बहस छेड़ दी है। समरीन बानो ने आरोप लगाया है कि उन्हें कई जगह सिर्फ मुस्लिम होने की वजह से ट्यूशन पढ़ाने, डेमो क्लास देने और नौकरी के इंटरव्यू में मना कर दिया जाता है। उनका कहना है कि कई अभिभावक साफ तौर पर कह देते हैं कि वे अपने बच्चों को मुस्लिम टीचर से नहीं पढ़ाना चाहते। समरीन ने कहा कि यह केवल उनके साथ भेदभाव नहीं, बल्कि समाज में बढ़ती नफरत का संकेत है।

समरीन बानो ने क्या आरोप लगाए ?

समरीन बानो ने अपने वीडियो में कहा कि पहले लोग उन्हें ट्यूशन के लिए बुलाते हैं, लेकिन जब उन्हें पता चलता है कि वह मुस्लिम हैं, तो बाद में मना कर देते हैं। उन्होंने दुख जताते हुए कहा कि समाज में इतनी नफरत फैल चुकी है कि इसका असर छोटे बच्चों पर भी पड़ रहा है। उनके अनुसार कई बार स्कूलों में भी बच्चों के मन में ऐसी सोच भर दी जाती है कि वे मुस्लिम शिक्षकों से दूरी बनाकर रखते हैं।

उन्होंने कहा कि जब धीरे-धीरे बच्चे उन्हें समझने लगते हैं और बातचीत शुरू करते हैं, तब उनके मन में बैठी गलतफहमियां कम होती हैं। समरीन ने कहा कि एक शिक्षक का काम बच्चों को शिक्षा देना और सभी धर्मों का सम्मान करना सिखाना है, न कि मजहबी बातें करना। उन्होंने कहा कि वह कभी किसी बच्चे से धर्म बदलने जैसी बात नहीं करतीं, बल्कि सभी बच्चों को बराबरी और सम्मान का पाठ पढ़ाती हैं।

समरीन ने अपने वीडियो में यह भी कहा कि मुस्लिम शिक्षक सभी धर्मों का सम्मान करते हैं। उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि कई स्कूलों में मॉर्निंग प्रेयर के दौरान सरस्वती वंदना होती है, लेकिन मुस्लिम शिक्षकों को इससे कोई परेशानी नहीं होती। वे बच्चों के साथ प्रार्थना में शामिल होते हैं और स्कूल के नियमों का पालन करते हैं। उनका कहना है कि जब वे दूसरों की आस्था का सम्मान करते हैं, तो बदले में उन्हें भी सम्मान मिलना चाहिए।

इस विवाद को नया मोड़ तब मिला जब समरीन बानो ने एक और वीडियो साझा कर वाराणसी के लाठो क्षेत्र स्थित बुद्धा पब्लिक स्कूल पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने दावा किया कि स्कूल प्रशासन ने उन्हें हिजाब हटाकर पढ़ाने या नौकरी छोड़ने के लिए कहा। समरीन के अनुसार इंटरव्यू के दौरान हिजाब को लेकर कोई शर्त नहीं रखी गई थी, लेकिन नौकरी के पहले दिन स्कूल पहुंचने पर प्रिंसिपल ने उनके हिजाब पर आपत्ति जताई।

समरीन ने आरोप लगाया कि यह उनके संवैधानिक अधिकारों का उल्लंघन है। उन्होंने कहा कि भारतीय संविधान के अनुच्छेद 19 और 25 के तहत उन्हें अभिव्यक्ति और धार्मिक स्वतंत्रता का अधिकार है। उन्होंने सवाल उठाया कि जब अन्य शिक्षक सिंदूर, मंगलसूत्र या अपने धार्मिक प्रतीकों के साथ स्कूल आते हैं, तो फिर हिजाब पर आपत्ति क्यों की जा रही है।

छोटा वीडियो भी साझा किया

उन्होंने एक छोटा वीडियो भी साझा किया, जिसमें कथित तौर पर स्कूल प्रबंधन से जुड़ा व्यक्ति उन्हें कहता नजर आ रहा है कि यदि स्कूल के नियम सही नहीं लगते तो वे यहां से चली जाएं। इस पूरे मामले के सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर लोगों की अलग-अलग प्रतिक्रियाएं देखने को मिल रही हैं। फिलहाल स्कूल प्रबंधन की ओर से इस मामले में कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।

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लेखक के बारे में

पत्रकारिता और क्रिएटिव राइटिंग में स्नातक हूँ। मीडिया क्षेत्र में 3 वर्षों का विविध अनुभव प्राप्त है, जहां मैंने अलग-अलग मीडिया हाउस में एंकरिंग, वॉइस ओवर और कंटेन्ट राइटिंग जैसे कार्यों में उत्कृष्ट योगदान दिया। IBC24 में मैं अभी Trainee-Digital Marketing के रूप में कार्यरत हूँ।