CM Pushakar Singh Dhami Key Meeting: देवभूमि में शुरू हुई मानसून की तैयारियां.. CM पुष्कर सिंह धामी ने ली अफसरों की बैठक, बारिश से पहले आपदा प्रबंधन मजबूत करने के निर्देश

CM Pushakar Singh Dhami Key Meeting Before Mansoon: मुख्यमंत्री धामी ने मानसून तैयारियों की समीक्षा कर सड़कों, स्वास्थ्य और आपदा प्रबंधन मजबूत करने के निर्देश दिए।

CM Pushakar Singh Dhami Key Meeting: देवभूमि में शुरू हुई मानसून की तैयारियां.. CM पुष्कर सिंह धामी ने ली अफसरों की बैठक, बारिश से पहले आपदा प्रबंधन मजबूत करने के निर्देश

CM Pushakar Singh Dhami Key Meeting Before Mansoon | Image- DIPR Uttarakhand News

Modified Date: June 9, 2026 / 11:21 pm IST
Published Date: June 9, 2026 11:19 pm IST
HIGHLIGHTS
  • 15 नवंबर 2026 तक सभी सड़कें गड्ढा मुक्त करने के निर्देश।
  • मानसून से पहले आपदा प्रबंधन और स्वास्थ्य तैयारियां पूरी होंगी।
  • कैंची धाम बाइपास शुरू, श्रद्धालुओं को जाम से मिलेगी राहत।

देहरादून: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सचिवालय में मानसून सीजन की तैयारियों की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को निर्देश दिए कि मानसून प्रारम्भ होने से पूर्व सभी आवश्यक व्यवस्थाएं पूर्ण कर ली जाएं। (CM Pushakar Singh Dhami Key Meeting Before Mansoon) उन्होंने कहा कि आपदा प्रबंधन, जन सुविधाओं, स्वास्थ्य सेवाओं एवं आधारभूत ढांचे को मजबूत बनाने के लिए सभी विभाग समन्वित रूप से कार्य करें तथा किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए पूर्ण तैयारी रखें।

IBC24 News के लेटेस्ट Updates और ताजा समाचार के लिए हमारे WhatsApp ग्रुप से जुड़े

प्रभावी कार्य-योजना बनाने के दिए निर्देश

मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि मानसून के बाद 15 नवम्बर, 2026 तक प्रदेश की सभी सड़कों को गड्ढा मुक्त किया जाए। उन्होंने कहा कि पिछले वर्ष आपदा प्रभावित क्षेत्रों में शेष कार्यों को मानसून शुरू होने से पहले पूरा किया जाए। पुलों, कल्वर्टों एवं ड्रेनेज सिस्टम की जांच कर आवश्यक मरम्मत कार्य समयबद्ध रूप से पूर्ण किए जाएं तथा सभी नालों एवं जल निकासी मार्गों की सफाई मानसून से पूर्व सुनिश्चित की जाए।

मुख्यमंत्री ने डेंगू, मलेरिया एवं अन्य जलजनित बीमारियों की रोकथाम के लिए प्रभावी कार्य-योजना बनाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य विभाग जीवनरक्षक दवाओं, चिकित्सा उपकरणों एवं एम्बुलेंस की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित करे। (CM Pushakar Singh Dhami Key Meeting Before Mansoon) उन्होंने सभी जिलाधिकारियों को निर्देश दिए कि वे जनपदों में गर्भवती महिलाओं की अद्यतन सूची मुख्य चिकित्सा अधिकारियों से प्राप्त कर नियमित रूप से अपडेट रखें। संवेदनशील एवं दुर्गम क्षेत्रों की गर्भवती महिलाओं के लिए निकटवर्ती अस्पतालों के आस-पास ठहरने की व्यवस्था की जाए तथा आवश्यकता पड़ने पर हेली एम्बुलेंस की सुविधा भी उपलब्ध कराई जाए।

संवेदनशील क्षेत्रों का भौतिक निरीक्षण का भी निर्देश

मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि सभी जिलों में भूस्खलन संभावित स्थलों, बाढ़ संभावित क्षेत्रों, नदी तटों एवं भू-कटाव वाले क्षेत्रों का अद्यतन मानचित्र तैयार किया जाए। साथ ही ऐसे गांवों, स्कूलों, अस्पतालों एवं अन्य महत्वपूर्ण परिसंपत्तियों की सूची भी तैयार की जाए जो आपदा की दृष्टि से संवेदनशील हैं। चारधाम यात्रा मार्ग सहित राष्ट्रीय एवं राज्य राजमार्गों पर संवेदनशील स्थलों का विशेष निरीक्षण करने के निर्देश देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि संवेदनशील क्षेत्रों का भौतिक निरीक्षण किया जाए। जेसीबी, पोकलैंड, डंपर, क्रेन एवं अन्य आवश्यक मशीनरी को पहले से ही संवेदनशील स्थानों पर तैनात रखा जाए। जहां मानसून के दौरान सड़कें बार-बार बाधित होती हैं, वहां वैकल्पिक मार्गों की व्यवस्था भी सुनिश्चित की जाए।

मुख्यमंत्री ने कहा कि सभी प्रभावी सचिव अपने-अपने जनपदों का भ्रमण कर मानसून के दृष्टिगत जनपदों में की गई तैयारियों का निरीक्षण करेंगे। उन्होंने कहा कि बाढ़ संभावित क्षेत्रों में चेतावनी संकेतक एवं सूचना बोर्ड लगाए जाएं तथा प्रत्येक तहसील में राहत एवं बचाव सामग्री का पर्याप्त भंडारण सुनिश्चित किया जाए। (CM Pushakar Singh Dhami Key Meeting Before Mansoon) भारतीय मौसम विज्ञान विभाग, राज्य आपातकालीन परिचालन केन्द्र एवं जिला नियंत्रण कक्षों के बीच 24×7 समन्वय स्थापित किया जाए। मौसम संबंधी अलर्ट ग्राम स्तर तक त्वरित रूप से पहुंचाने की प्रभावी व्यवस्था की जाए तथा पर्यटकों एवं यात्रियों को समय पर मौसम संबंधी जानकारी उपलब्ध कराई जाए।

‘विद्युत, पेयजल, सड़क, दूरसंचार सेवाएं प्रभावित न हों’ : सीएम धामी

मुख्यमंत्री ने मानसून से पूर्व अतिक्रमण हटाने के निर्देश देते हुए कहा कि जल निकासी एवं यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने के लिए यह कार्य प्राथमिकता के आधार पर किया जाए। मुख्यमंत्री ने कहा कि बरसात के दौरान विद्युत, पेयजल, सड़क, दूरसंचार एवं अन्य मूलभूत सेवाएं लंबे समय तक प्रभावित न हों। इसके लिए सभी संबंधित विभाग विस्तृत कार्य-योजना तैयार करें। एसटीपी एवं पुलों के आस-पास की विद्युत लाइनों का सुरक्षा ऑडिट भी कराया जाए।

बैठक में बताया गया कि कैंची धाम में श्रद्धालुओं की बढ़ती संख्या के कारण उत्पन्न होने वाली जाम की समस्या के समाधान के लिए मुख्यमंत्री द्वारा दिए गए निर्देशों के क्रम में कैंची धाम बाइपास कल से आवागमन के लिए प्रारम्भ किया जा रहा है। (CM Pushakar Singh Dhami Key Meeting Before Mansoon) इससे श्रद्धालुओं एवं स्थानीय लोगों को यातायात में बड़ी राहत मिलेगी।

IBC24 News के लेटेस्ट Updates और ताजा समाचार के लिए हमारे Instagram Page को Follow करें

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने ब्रिक्स डिजास्टर रिस्क रिडक्शन वर्किंग ग्रुप की बैठक में उत्तराखण्ड के आपदा प्रबंधन मॉडल को मिली अंतरराष्ट्रीय सराहना पर प्रसन्नता व्यक्त की है। उन्होंने उत्तराखण्ड राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण, एसडीआरएफ, यूएलएमएमसी तथा आपदा प्रबंधन से जुड़ी सभी एजेंसियों को बधाई देते हुए कहा कि यह उपलब्धि राज्य के समन्वित प्रयासों, तकनीक आधारित कार्यप्रणाली और आपदा प्रबंधन के क्षेत्र में किए जा रहे सतत नवाचारों का परिणाम है। इस अवसर पर सचिव आपदा प्रबंधन श्री विनोद कुमार सुमन ने मानसून सीजन के दृष्टिगत की गई सभी तैयारियों का विस्तृत प्रस्तुतीकरण दिया।

इन्हें भी पढ़ें:

मोहम्मद सिराज को आराम की सलाह, आयरलैंड और इंग्लैंड दौरे के लिए कृष्णा टीम में शामिल

जम्मू-श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग पर कई वाहन टकराए; बीएसएफ के दो अधिकारी घायल

एलएंडटी श्रमबल संबंधी चुनौतियों से निपटने को लगा रही ‘डिजिटल कर्मचारियों’ पर दांव

अदाणी एनर्जी सॉल्यूशंस स्मार्ट मीटर कंपनी इंटेलिस्मार्ट का 3,050 करोड़ रुपये में अधिग्रहण करेगी

झारखंड के हजारीबाग में अज्ञात बदमाशों ने एक व्यक्ति की गोली मारकर हत्या की

दिल्ली : कापसहेड़ा की झुग्गियों में आग, दमकल की सात गाड़ियां भेजी गईं


सामान्यतः पूछे जाने वाले प्रश्नः

लेखक के बारे में

A journey of 10 years of extraordinary journalism.. a struggling experience, opportunity to work with big names like Dainik Bhaskar and Navbharat, priority given to public concerns, currently with IBC24 Raipur for three years, future journey unknown