बीजिंग, दो जून (भाषा) शंघाई में भारत के महावाणिज्यदूत प्रतीक माथुर ने पूर्वी चीन में लोगों के बीच संबंधों को मजबूत करने के प्रयासों के तहत सांस्कृतिक आदान-प्रदान और पर्यटन को बढ़ावा देने के संबंध में एक चीनी सांस्कृतिक अधिकारी के साथ चर्चा की।
शंघाई स्थित भारतीय वाणिज्य दूतावास द्वारा मंगलवार को जारी एक प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, माथुर ने पूर्वी चीन में भारत की बढ़ती प्रतिष्ठा को और मजबूत करने तथा दोनों देशों के बीच सांस्कृतिक और प्रवासी संबंधों को गहरा बनाने के प्रयासों के तहत ‘फ्रेंड्स ऑफ इंडिया’ के विभिन्न वर्गों के लोगों के साथ बातचीत की।
सोमवार को हुई मुलाकातों के दौरान, माथुर ने गुओयुन अमूर्त सांस्कृतिक विरासत केंद्र के मुख्य कार्यकारी अधिकारी झांग जियाक्शिंग से मुलाकात की।
दोनों पक्षों ने सांस्कृतिक आदान-प्रदान को बढ़ाने, आपसी समझ को बढ़ावा देने और “अतुल्य भारत” अभियान के तहत भारत में पर्यटकों के प्रवाह को प्रोत्साहित करने के तरीकों पर चर्चा की।
विज्ञप्ति में कहा गया है कि उन्होंने लोगों के बीच द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत करने के लिए एक सेतु के रूप में पारंपरिक सांस्कृतिक विरासत का लाभ उठाने के महत्व पर भी जोर दिया।
माथुर ने वार्षिक अंतरराष्ट्रीय योग दिवस (आईडीवाई) के उपलक्ष में आयोजित गतिविधियों के तहत सूज़ौ-कुनशान क्षेत्र में डॉ. रेड्डीज़ लैबोरेटरीज में एक योग शिविर का भी उद्घाटन किया। ‘योग दिवस’ 21 जून को विश्व स्तर पर मनाया जाएगा।
महावाणिज्य दूत ने शंघाई और हांगझोऊ में आगामी ‘मैजिक फ्लूट’ संगीत कार्यक्रम शृंखला की भी घोषणा की।
इन कार्यक्रमों में भारतीय बांसुरी वादक रजत प्रसन्ना और चीन की प्रसिद्ध तबला वादक मैंडी चेन शामिल होंगे।
भाषा प्रशांत अविनाश
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