माले, सात मई (भाषा) मालदीव सरकार ने कहा है कि भारत ने इस द्वीपीय देश से अब तक अपने 51 सैनिकों को वापस बुलाया है।
भारतीय सैन्य कर्मियों को मालदीव से पूर्ण रूप से हटाने के लिए राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज्जू द्वारा निर्धारित 10 मई की समय सीमा से पहले उसका (मालदीव सरकार का) यह बयान आया है।
इससे पहले, मालदीव सरकार ने घोषणा की थी कि दो जत्थों में भारतीय सैनिक देश से रवाना हुए हैं। हालांकि, पूर्व में सटीक आंकड़े का खुलासा नहीं किया गया था।
राष्ट्रपति कार्यालय की मुख्य प्रवक्ता हीना वलीद ने इस मुद्दे पर पूछे गए सवालों का जवाब देते हुए सोमवार को कहा था कि अब तक कुल 51 भारतीय सैनिकों को वापस भेजा गया है।
एडिशनडॉटएमवी समाचार पोर्टल ने हीना के हवाले से कहा, ‘‘देश में मौजूद सभी भारतीय सैन्य कर्मियों को 10 मई तक मालदीव से वापस बुला लिया जाएगा। अब तक, दो प्लेटफार्म पर तैनात 51 सैनिकों को वापस भेजा गया है।’’
सनडॉटएमवी समाचार पोर्टल की खबर के अनुसार, हालांकि, उन्होंने मालदीव में तैनात भारतीय सैनिकों की सटीक संख्या का खुलासा करने से इनकार करते हुए कहा कि बाद की तारीख में विवरण साझा किया जाएगा।
मालदीव सरकार की पिछली घोषणाओं के अनुसार, 88 भारतीय सैनिक देश में दो हेलीकॉप्टर, एक डोर्नियर विमान और सेनाहिया सैन्य अस्पताल में तैनात हैं। दो हेलीकॉप्टर और ड्रोनियर विमान भारत ने मालदीव को दिये थे।
चीन समर्थक नेता माने जाने वाले राष्ट्रपति मुइज्जू ने अपने देश से भारतीय सैनिकों की वापसी के लिए 10 मई की समय सीमा निर्धारित की है।
भारत ने मालदीव में तीन विमानन प्लेटफार्मों का संचालन करने वाले अपने कुछ सैन्य कर्मियों को पहले ही वापस बुला लिया है। इन सैन्य कर्मियों की जगह भारतीय असैन्य तकनीकी विशेषज्ञों ने ली है।
भारत और मालदीव 10 मई से पहले शेष भारतीय सैनिकों को हटाने पर भी सहमत हुए हैं। दोनों पक्षों ने तीन मई को नयी दिल्ली में द्विपक्षीय उच्च स्तरीय कोर समूह की चौथी बैठक की थी।
भाषा सुभाष पवनेश
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