जयशंकर, रुबियो ने व्यापार समझौते का स्वागत किया; ऊर्जा, परमाणु, रक्षा, महत्वपूर्ण खनिजों पर चर्चा की
जयशंकर, रुबियो ने व्यापार समझौते का स्वागत किया; ऊर्जा, परमाणु, रक्षा, महत्वपूर्ण खनिजों पर चर्चा की
(योषिता सिंह)
(तस्वीर सहित)
न्यूयॉर्क/वाशिंगटन, चार फरवरी (भाषा) विदेश मंत्री एस जयशंकर और अमेरिका के विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अगुवाई में हुए व्यापार समझौते का ‘स्वागत’ किया और महत्वपूर्ण खनिजों की खोज और खनन पर द्विपक्षीय सहयोग को ‘औपचारिक रूप देने’ पर मंगलवार को चर्चा की।
बुधवार को अमेरिका द्वारा आयोजित होने वाली पहली महत्वपूर्ण खनिज मंत्रिस्तरीय बैठक से पहले, रुबियो ने वाशिंगटन डीसी में मंगलवार को विदेश मंत्रालय में जयशंकर के साथ द्विपक्षीय चर्चा की।
बैठक के बाद जयशंकर ने ‘एक्स’ पर पोस्ट किया, ‘आज दोपहर अमेरिकी विदेश मंत्री रुबियो से मिलकर बेहद प्रसन्नता हुई। द्विपक्षीय सहयोग के एजेंडे, क्षेत्रीय और वैश्विक मुद्दों पर व्यापक बातचीत हुई।’
उन्होंने लिखा, ‘‘भारत-अमेरिका रणनीतिक साझेदारी के जिन पहलुओं पर चर्चा हुई उनमें व्यापार, ऊर्जा, परमाणु, रक्षा, महत्वपूर्ण खनिज और प्रौद्योगिकी शामिल थे। हमारे साझा हितों को आगे बढ़ाने के लिए विभिन्न तंत्रों की बैठकें शीघ्र आयोजित करने पर सहमति बनी।’
अमेरिकी विदेश मंत्रालय के प्रधान उप प्रवक्ता टॉमी पिगॉट द्वारा जारी द्विपक्षीय बैठक के विवरण में कहा गया है कि रुबियो और जयशंकर ने राष्ट्रपति ट्रंप और प्रधानमंत्री मोदी की सहमति से हुए व्यापार समझौते का स्वागत किया। दोनों नेताओं ने नए आर्थिक अवसरों को खोलने और साझा ऊर्जा सुरक्षा लक्ष्यों को आगे बढ़ाने के लिए हमारे लोकतंत्रों के एक साथ मिलकर काम करने के महत्व पर जोर दिया।
पिगॉट ने कहा कि रुबियो और जयशंकर ने ‘‘महत्वपूर्ण खनिजों की खोज, खनन और प्रसंस्करण के क्षेत्र में द्विपक्षीय सहयोग को औपचारिक रूप देने’’ पर चर्चा की।
बयान में कहा गया कि रुबियो और जयशंकर ने ‘‘क्वाड के माध्यम से द्विपक्षीय और बहुपक्षीय सहयोग का विस्तार करने की अपनी प्रतिबद्धता व्यक्त करते हुए बैठक का समापन किया। उन्होंने इस बात को स्वीकार किया कि समृद्ध हिंद प्रशांत क्षेत्र हमारे साझा हितों को आगे बढ़ाने के लिए बेहद महत्वपूर्ण बना हुआ है।’’
रुबियो ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा कि उन्होंने जयशंकर से मुलाकात कर ‘‘महत्वपूर्ण खनिजों की खोज पर द्विपक्षीय सहयोग और दोनों देशों के बीच नए आर्थिक अवसरों को खोलने के लिए मिलकर काम करने पर चर्चा की। हमने अमेरिका और भारत के बीच हुए व्यापार समझौते की भी सराहना की।’’
जयशंकर दो से चार फरवरी तक अमेरिका की यात्रा पर हैं और बुधवार को विदेश मंत्री मार्को रुबियो की ओर से बुलाई गई महत्वपूर्ण खनिज मंत्रिस्तरीय बैठक में वह हिस्सा लेंगे।
जयशंकर और रूबियो के बीच यह मुलाकात ट्रंप के ‘ट्रुथ सोशल’ पर यह घोषणा करने के एक दिन बाद हुई कि भारत और अमेरिका के बीच एक व्यापार समझौता हुआ है, जिसके तहत अमेरिका भारतीय वस्तुओं पर लगने वाले जवाबी शुल्क को मौजूदा 25 प्रतिशत से घटाकर 18 प्रतिशत करेगा।
भाषा शोभना अमित
अमित

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