वॉशिंगटन, छह फरवरी (एपी) अमेरिकी सेना ने बृहस्पतिवार को कहा कि उसने पूर्वी प्रशांत महासागर में मादक पदार्थों की तस्करी में कथित रूप से शामिल एक और नाव पर हमला किया है।
अमेरिकी सदर्न कमांड ने सोशल मीडिया पर बताया कि यह नाव “पूर्वी प्रशांत में मादक पदार्थों की तस्करी के लिए पहचाने गए मार्गों पर आवाजाही कर रही थी और नशीले पदार्थों की तस्करी में संलिप्त थी।”
कमांड के अनुसार, इस हमले में दो लोगों की मौत हुई। पोस्ट से जुड़े एक वीडियो में नाव पानी में चलती दिखायी गई है, जिसके बाद उसमें विस्फोट होता है और आग लग जाती है।
हमले की घोषणा अमेरिकी रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ के उस दावे के कुछ घंटों बाद की गई, जिसमें उन्होंने कहा था कि क्षेत्र में “कुछ शीर्ष कार्टेल मादक पदार्थ तस्करों” ने हालिया “अत्यंत प्रभावी” सैन्य हमलों के चलते अनिश्चितकाल के लिए सभी गतिविधियां बंद करने का फैसला किया है। हालांकि, हेगसेथ ने अपने निजी सोशल मीडिया खाते पर किए गए इस दावे के समर्थन में कोई विवरण या साक्ष्य प्रस्तुत नहीं किया।
अमेरिकी सदर्न कमांड और पेंटागन, दोनों ने ही हेगसेथ के दावे को लेकर पूछे गए अनुवर्ती सवालों का जवाब देने से इनकार कर दिया।
बृहस्पतिवार के हमले के साथ ही ट्रंप प्रशासन के दौरान कथित मादक पदार्थ तस्करी में लिप्त नौकाओं पर किए गए हमलों में मरने वालों की संख्या बढ़कर 128 हो गई है। पिछले सप्ताह सेना ने यह आंकड़ा 126 बताया था, जिसमें समुद्र में लापता होकर मृत माने गए लोगों को भी शामिल किया गया था।
सदर्न कमांड के अनुसार, इस संख्या में कैरेबियन सागर और पूर्वी प्रशांत महासागर में सितंबर की शुरुआत से अब तक किए गए कम से कम 36 हमलों में तत्काल मारे गए 116 लोग शामिल हैं। इसके अलावा, 10 अन्य लोगों को मृत माना गया है, क्योंकि हमले के बाद उनकी तलाश में वे नहीं मिले।
बृहस्पतिवार का हमला पिछले महीने वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो को पकड़े जाने वाले छापे के बाद दूसरा ज्ञात हमला है।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि अमेरिका लातिन अमेरिका में ड्रग कार्टेल के साथ “सशस्त्र संघर्ष” कर रहा है । उन्होंने मादक पदार्थों की तस्करी को रोकने के लिए इन हमलों को आवश्यक कदम बताया है। हालांकि, उनके प्रशासन ने “नार्को-आतंकवादियों” को मारने के दावों के समर्थन में बहुत कम साक्ष्य पेश किए हैं।
एपी मनीषा अमित
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