पटना, चार सितंबर (भाषा) राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के कार्यकारी अध्यक्ष तेजस्वी यादव ने आरोप लगाया है कि जनता दल यूनाइटेड (जदयू) के कार्यकारी राष्ट्रीय अध्यक्ष संजय कुमार झा को भाजपा ने जदयू को कमजोर और खत्म करने की दीर्घकालिक योजना के तहत पार्टी में ‘‘प्लांट’’ किया था।
बृहस्पतिवार को पत्रकारों से बातचीत में तेजस्वी ने कहा कि संजय झा 2012 में अपने राजनीतिक संरक्षक और भाजपा के वरिष्ठ नेता दिवंगत अरुण जेटली की सहमति से भाजपा छोड़कर जदयू में शामिल हुए थे। इससे तीन वर्ष पहले भाजपा ने झा को लोकसभा का टिकट नहीं दिया था।
तेजस्वी ने कहा, ‘‘संजय झा को भाजपा ने जदयू को खत्म करने के लिए पार्टी में भेजा था और वह अपने मिशन में सफल भी हो गए। जदयू का हर नेता जानता है कि आज नीतीश कुमार जी की स्थिति के पीछे कौन जिम्मेदार है।’’
उन्होंने दावा किया कि जदयू अब पूरी तरह खत्म हो चुकी है।
उल्लेखनीय है कि इस वर्ष नीतीश कुमार ने रिकॉर्ड दसवीं बार मुख्यमंत्री पद की शपथ लेने के कुछ महीने बाद इस्तीफा दे दिया था, जिसके बाद भाजपा के सम्राट चौधरी मुख्यमंत्री बने।
तेजस्वी के आरोपों पर पलटवार करते हुए संजय झा ने उन्हें “एनआरआई नेता” बताया और कहा कि तेजस्वी को जदयू तथा नीतीश कुमार की चिंता करने की जरूरत नहीं है।
झा ने कहा, “जब भी बिहार पर कोई संकट आता है, तेजस्वी यादव बिहार में नहीं मिलते। वह एनआरआई नेता हैं। पिछले वर्ष के विधानसभा चुनाव में उनकी पार्टी का जनाधार घटा है। उन्हें अपनी पार्टी की चिंता करनी चाहिए, जदयू की नहीं। नीतीश कुमार और पूरी जदयू अपनी देखभाल करने में सक्षम हैं।”
उन्होंने तेजस्वी से विपक्ष के नेता के रूप में जनता के मुद्दे उठाने और अपनी जिम्मेदारी निभाने का आग्रह किया।
‘एनआरआई नेता’ कहे जाने पर तेजस्वी ने जवाब दिया, “संजय झा की बेटियां विदेश में रहती हैं और वह स्वयं भी अक्सर विदेश जाते हैं, लेकिन मैंने कभी इस पर टिप्पणी नहीं की।”
भाषा कैलाश शफीक
शफीक