बिहारः सात मई को मंत्रिमंडल में शामिल हो सकते हैं निशांत कुमार

बिहारः सात मई को मंत्रिमंडल में शामिल हो सकते हैं निशांत कुमार

बिहारः सात मई को मंत्रिमंडल में शामिल हो सकते हैं निशांत कुमार
Modified Date: May 6, 2026 / 05:25 pm IST
Published Date: May 6, 2026 5:25 pm IST

पटना, छह मई (भाषा) जनता दल यूनाइटेड (जदयू) के अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के बेटे निशांत कुमार ने मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की अगुवाई वाली सरकार में शामिल होने पर सहमति दे दी और उनके बृहस्पतिवार को होने वाले मंत्रिमंडल विस्तार समारोह में मंत्री पद की शपथ लेने की संभावना है। सूत्रों ने यह जानकारी दी।

करीब दो महीने पहले जदयू की सदस्यता ग्रहण करने वाले निशांत कुमार (45) पार्टी के वरिष्ठ नेताओं के आग्रह के बाद सरकार में शामिल होने के लिए तैयार हुए हैं। सूत्र ने बुधवार को ‘पीटीआई-भाषा’ से कहा, ‘‘जब से निशांत पार्टी में शामिल हुए हैं, तभी से कार्यकर्ताओं की इच्छा थी कि वह सरकार का हिस्सा बनें। पिछले महीने उन्हें उपमुख्यमंत्री भी बनाया जा सकता था लेकिन वह हिचकिचा रहे थे। अंततः उन्होंने सहमति दे दी है।’’

नीतीश कुमार के इस्तीफे के बाद भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेता सम्राट चौधरी के नेतृत्व में नई सरकार के गठन के समय से ही यह अटकलें लगाई जा रही थीं कि जदयू प्रमुख के उत्तराधिकारी माने जा रहे निशांत कुमार मंत्रिपरिषद में शामिल होंगे।

निशांत ने हालांकि यह कहते हुए मंत्री पद लेने से इनकार कर दिया था कि वह पहले पार्टी कार्यकर्ता के रूप में अपनी पहचान बनाना चाहते हैं।

इसके बाद जदयू के वरिष्ठ नेता विजय कुमार चौधरी और बिजेंद्र प्रसाद यादव को मंत्री बनाया गया।

सूत्रों ने दावा किया कि बृहस्पतिवार को होने वाले मंत्रिमंडल विस्तार में पार्टी के लगभग एक दर्जन नेता मंत्री पद की शपथ ले सकते हैं।

इस समारोह में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ,केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन शामिल होंगे।

इससे पहले जदयू के प्रदेश अध्यक्ष उमेश कुशवाहा ने कहा था कि उनकी पार्टी राज्य मंत्रिमंडल में 16 मंत्री पद चाहती है।

बिहार की 243 सदस्यीय विधानसभा वाले राज्य में मंत्रिमंडल की अधिकतम संख्या 30 हो सकती है।

जदयू कोटे से जिन नेताओं के मंत्रिमंडल में शामिल होने की संभावना जताई जा रही है, उनमें अशोक चौधरी, श्रवण कुमार और लेशी सिंह प्रमुख हैं।

ये सभी पिछले वर्ष नवंबर में हुए विधानसभा चुनाव के बाद गठित नीतीश कुमार सरकार में मंत्री रह चुके हैं।

भाजपा और जदयू के अलावा मंत्रिमंडल में केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान के नेतृत्व वाली लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास), केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी की हिंदुस्तानी अवाम मोर्चा (हम) तथा राज्यसभा सदस्य उपेंद्र कुशवाहा की राष्ट्रीय लोक मोर्चा (रालोमो) के प्रतिनिधियों को भी शामिल किया जा सकता है।

भाषा कैलाश जितेंद्र

जितेंद्र


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