पटना, 31 मई (भाषा) राष्ट्रीय जनता दल (राजद) प्रमुख लालू प्रसाद की बेटी रोहिणी आचार्य ने रविवार को बिहार की राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) सरकार पर ‘प्रतिशोध की राजनीति’ करने का आरोप लगाया।
राजग सरकार ने रोहिणी की मां और पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी को 10, सर्कुलर रोड स्थित वह सरकारी बंगला खाली करने को कहा है, जिसमें वह 2006 से रह रही हैं।
रोहिणी ने एक सोशल मीडिया पोस्ट में कहा कि सम्राट चौधरी सरकार ‘‘जनहित के ज्वलंत मुद्दों से ध्यान भटकाने के लिए राजनीतिक प्रतिशोध की राह पर है।’’
सिंगापुर में अपने पति के साथ रह रहीं रोहिणी ने ‘एक्स’ पर लिखा, ‘‘अगर हिम्मत है तो सरकार जबरन बंगला खाली करवाए…।’’
पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी द्वारा इस सरकारी बंगले को खाली करने और किसी अन्य मकान में जाने से इनकार करने के बाद शनिवार को विवाद पैदा हो गया। यह बंगला राजग सरकार के एक मंत्री को आवंटित किया गया है।
रोहिणी ने पोस्ट में लिखा, ‘‘पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी जी को आवास से बेदखल करने का तुगलकी फरमान और आवास पर पुलिस भेजना लोकतंत्र नहीं, सत्ता के अहंकार एवं बेजा दबंगई की निशानी है। अफसोसजनक है कि बेरोजगारी, महंगाई, भ्रष्टाचार, बढ़ते अपराध के मोर्चे पर पूरी तरह से नाकाम साबित हो रही सम्राट चौधरी सरकार विपक्षी नेताओं को निशाना बना रही है। यह शासन का कौन सा मॉडल है? बेशक शासन का ‘प्रतिशोध मॉडल’ है।’’
भवन निर्माण विभाग ने 27 मई के एक आदेश के माध्यम से लोक भवन और मुख्यमंत्री आवास के पास स्थित यह बंगला डेरी एवं मत्स्य पालन मंत्री नंद किशोर राम को आवंटित किया है।
यह आदेश जारी किये जाने के समय राबड़ी देवी पटना में नहीं थीं। शनिवार को यहां हवाई अड्डे पर पहुंचने पर जब संवाददाताओं ने उनसे इस बारे में पूछा, तो उन्होंने तीखी प्रतिक्रिया देते हुए कहा, ‘‘मैं देख रही हूं कि सम्राट चौधरी मुख्यमंत्री बनने के बाद काफी उत्साहित हैं। उनकी सरकार मुझे जबरन निकाल कर दिखाए। मैं बंगला खाली नहीं करूंगी।’’
भाषा
सुमित सुभाष
सुभाष