Shardiya Navratri 2022: आज है महा अष्टमी, होगी देवी महागौरी की होगी पूजा, यहां जानिए शुभ मुहूर्त और विधि

Ads

Shardiya Navratri 2022:  पूरे देश में नवरात्रि की धूम मची हुई है। माता रानी की मूर्ति स्थापित करने से लेकर रास गरबा तक लोग सब चीजों को बहुत

  •  
  • Publish Date - October 3, 2022 / 06:52 AM IST,
    Updated On - November 29, 2022 / 09:10 AM IST

नई दिल्ली : Shardiya Navratri 2022:  पूरे देश में नवरात्रि की धूम मची हुई है। माता रानी की मूर्ति स्थापित करने से लेकर रास गरबा तक लोग सब चीजों को बहुत अच्छे तरीकों से आयोजित कर रहे हैं। वहीं अब नवरात्र ख़त्म होने वाले है। आज शारदीय नवरात्र का आठवा दिन है, आज के दिन को पूरे देश में महाष्टमी के रूप में मनाया जाएगा। महाष्टमी के दिन देवी दुर्गा के महागौरी स्वरूप की पूजा की जाएगी। पौराणिक कथाओं के अनुसार, मां महागौरी का रंग अत्यंत गौरा है इसलिए इन्हें महागौरी के नाम से जाना जाता है। इनके वस्त्र-आभूषण भी सफेद ही हैं।

यह भी पढ़े : फिर चर्चा में आए सीएम एकनाथ , कोर्ट के फैसले को लेकर कही ये बात … 

देवी महागौरी की पूजा विधि, मंत्र, शुभ मुहूर्त

ऐसा है माता का स्वरूप

Shardiya Navratri 2022:   धर्म ग्रंथों के अनुसार, देवी महागौरी की चार भुजाएं हैं। इनका वाहन बैल है। देवी के दाहिनी ओर का ऊपर वाला हाथ अभय मुद्रा में और नीचे वाले हाथ में त्रिशूल है। बाएं ओर के ऊपर वाले हाथ में डमरू और नीचे वाला हाथ वर मुद्रा में है। इनका स्वभाव अति शांत है। देवी महागौरी की पूजा से हर तरह का सुख हमें प्राप्त हो सकता है।

यह भी पढ़े : टीम इंडिया को लेकर ये क्या बोल गए रोहित, सुनकर लग सकता है झटका…

महाष्टमी पूजा का शुभ मुहूर्त

Shardiya Navratri 2022:   सुबह 06 से 07:30 तक- अमृत
सुबह 09:00 से 10:30 तक- शुभ
दोपहर 01:30 से 03:00 तक- चर
दोपहर 03:00 से 04:30 तक- लाभ
शाम 04:30 से 06:00 तक- अमृत

यह भी पढ़े : पूर्व मुख्यमंत्री की तबीयत बिगड़ी, ICU में किया गया भर्ती, सीएम और पार्टी अध्यक्ष ने ली स्वास्थ्य की जानकारी 

देवी महागौरी की पूजा करें इस विधि से

Shardiya Navratri 2022:   3 अक्टूबर, सोमवार की सुबह जल्दी उठकर देवी महागौरी की तस्वीर या प्रतिमा की स्थापना किसी साफ स्थान पर करें।
– शुद्ध घी का दीपक जलाएं और देवी को कुमकुम, अबीर, गुलाल, हल्दी, मेहंदी, चावल, फूल, माला आदि चीजें चढ़ाएं।
– मनोकामना पूर्ति के लिए नारियल या उससे बनी मिठाई का भोग लगाएं। देवी महागौरी का ध्यान करते हुए आरती करें।

मंत्र

श्वेत वृषे समारूढ़ा श्वेताम्बरधरा शुचि:।
महागौरी शुभं दद्यान्महादेवप्रमोददा॥

IBC24 की अन्य बड़ी खबरों के लिए यहां क्लिक करें