ब्रिक्स ने विविध ऊर्जा मिश्रण का किया समर्थन, जीवाश्म ईंधन बने रहेंगे महत्वपूर्ण

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ब्रिक्स ने विविध ऊर्जा मिश्रण का किया समर्थन, जीवाश्म ईंधन बने रहेंगे महत्वपूर्ण

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  • Publish Date - September 12, 2026 / 06:05 PM IST,
    Updated On - September 12, 2026 / 06:05 PM IST

नयी दिल्ली, 12 सितंबर (भाषा) ब्रिक्स देशों ने शनिवार को विविध आपूर्ति स्रोतों, मजबूत बुनियादी ढांचे और स्थिर ऊर्जा बाजारों के माध्यम से मजबूत ऊर्जा सुरक्षा का आह्वान किया।

समूह ने साथ ही स्वीकार किया कि जीवाश्म ईंधन विशेष रूप से उभरती और विकासशील अर्थव्यवस्थाओं के लिए वैश्विक ऊर्जा मिश्रण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते रहेंगे।

नयी दिल्ली घोषणापत्र में कहा गया, ”हम स्वीकार करते हैं कि जीवाश्म ईंधन दुनिया के ऊर्जा मिश्रण में, विशेष रूप से उभरते बाजारों और विकासशील अर्थव्यवस्थाओं (ईएमडीई) के लिए, अभी भी एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।”

इसके साथ ही, ब्रिक्स ने तकनीकी तटस्थता और ‘समान लेकिन विभेदित उत्तरदायित्व’ (साझा संकट, क्षमता अनुसार जिम्मेदारी) के सिद्धांत पर बल देते हुए ”न्यायसंगत, व्यवस्थित, निष्पक्ष और समावेशी ऊर्जा बदलाव” तथा ग्रीनहाउस-गैस उत्सर्जन को कम करने का आह्वान किया।

समूह ने कहा कि ऊर्जा सुरक्षा के लिए ”ऊर्जा बाजार में स्थिरता और विविध स्रोतों से ऊर्जा का निर्बाध प्रवाह बनाए रखना” आवश्यक है, साथ ही मजबूत मूल्य शृंखलाएं और सीमा पार सुविधाओं सहित महत्वपूर्ण ऊर्जा बुनियादी ढांचे का संरक्षण भी जरूरी है।

ब्रिक्स ने ऊर्जा प्रणालियों में डिजिटल प्रौद्योगिकियों के बढ़ते उपयोग का भी समर्थन किया। समूह ने कहा कि कृत्रिम मेधा (एआई) और उन्नत डेटा विश्लेषण से ग्रिड प्रबंधन, नवीकरणीय ऊर्जा के एकीकरण और परिचालन दक्षता में सुधार हो सकता है।

गुट ने ‘स्मार्ट ग्रिड और ऊर्जा भंडारण पर ब्रिक्स मार्गदर्शक सिद्धांतों’ का स्वागत किया, साथ ही सहयोग के लिए एक स्वैच्छिक मंच के रूप में ‘स्मार्ट ग्रिड और ऊर्जा भंडारण के लिए ब्रिक्स डिजिटल उत्कृष्टता केंद्र’ स्थापित करने की पहल का भी स्वागत किया।

ब्रिक्स समूह ने कहा कि देशों को प्रौद्योगिकियों की एक विस्तृत शृंखला को मान्यता देते हुए राष्ट्रीय परिस्थितियों को दर्शाने वाले संतुलित और विविध ऊर्जा मिश्रण को अपनाना चाहिए।

समूह ने ऊर्जा बदलाव के लिए आवश्यक महत्वपूर्ण खनिजों की आपूर्ति सुनिश्चित करने पर भी अधिक बल दिया।

घोषणापत्र में कहा गया, ”हम महत्वपूर्ण खनिजों की विश्वसनीय, जिम्मेदार, विविध, लचीली, निष्पक्ष, टिकाऊ और न्यायसंगत आपूर्ति शृंखलाओं को बढ़ावा देने की आवश्यकता की पुष्टि करते हैं।”

ब्रिक्स ने नई औद्योगिक क्रांति पर अपनी साझेदारी के माध्यम से उन्नत विनिर्माण और उभरती प्रौद्योगिकियों में सहयोग को मजबूत करने की भी मांग की।

भाषा पाण्डेय योगेश

योगेश