(EPFO Wage Ceiling Hike Update/ Image Credit: IBC24 News)
नई दिल्ली: EPFO Wage Ceiling Hike Update: केंद्र सरकार ने EPFO के तहत अनिवार्य कवरेज की वेज सीलिंग 15,000 रुपये से बढ़ाकर 25,000 रुपये (EPFO Wage Ceiling Hike Update) प्रति माह कर दी है। यह बदलाव 17 सितंबर से लागू हो गया है। करीब 12 साल बाद हुए इस बदलाव से 51 लाख से ज्यादा नए कर्मचारियों को PF, पेंशन और बीमा योजनाओं का लाभ मिलने की संभावना है। नए नियम का सीधा असर कर्मचारियों के PF योगदान और कुछ मामलों में उनकी टेक-होम सैलरी पर पड़ सकता है।
अगर किसी कर्मचारी की बेसिक सैलरी 10,000 रुपये प्रति माह है तो उसके लिए इस बदलाव से कोई खास अंतर नहीं होगा। 15,000 रुपये की पुरानी सीमा के तहत भी ऐसे कर्मचारी EPFO के अनिवार्य दायरे में आते थे। इसलिए उनके PF योगदान और हाथ में मिलने वाली सैलरी में इस फैसले के कारण कोई नया बदलाव नहीं होगा। उनकी PF कटौती पहले की व्यवस्था के अनुसार जारी रहेगी।
20,000 रुपये बेसिक सैलरी पाने वाले नए कर्मचारियों पर इस बदलाव (EPFO Wage Ceiling Hike Update) का खास असर पड़ेगा। पहले 15,000 रुपये की सीमा से अधिक बेसिक वेतन होने पर ऐसे कर्मचारी अनिवार्य PF कवरेज से बाहर रहते थे। अब 25,000 रुपये की नई सीमा के कारण 20,000 रुपये बेसिक सैलरी वाले नए कर्मचारी EPFO के दायरे में आएंगे। इससे उनकी सैलरी से PF कटेगा, जिससे टेक-होम रकम कुछ कम हो सकती है लेकिन रिटायरमेंट बचत बढ़ेगी।
जिन कर्मचारियों का PF योगदान पहले 15,000 रुपये की सीमा पर तय था, उनके लिए योगदान बढ़ सकता है। 12% के हिसाब से कर्मचारी का हिस्सा पहले 1,800 रुपये प्रति माह था, जबकि 25,000 रुपये की सीमा पर यह 3,000 होगा। यानी हर महीने 1,200 रुपये अतिरिक्त PF में जाएगा। इससे हाथ में मिलने वाली रकम घट सकती है, लेकिन PF खाते में जमा राशि और उस पर मिलने वाला ब्याज बढ़ेगा।
पुरानी वेज सीलिंग सितंबर 2014 में तय की गई थी। इसके बाद वेतन और रोजगार से जुड़े आंकड़ों में बदलाव आया है। सरकार के मुताबिक, मौजूदा परिस्थितियों में 15,000 रुपये की सीमा को अपडेट (EPFO Wage Ceiling Hike Update) करने की जरूरत थी। नई 25,000 रुपये की सीमा से ज्यादा कर्मचारियों को सामाजिक सुरक्षा के दायरे में लाने का लक्ष्य है। लेकिन वास्तविक PF कटौती कर्मचारी की वेतन संरचना, मौजूदा सदस्यता और नियोक्ता की व्यवस्था पर भी निर्भर कर सकता है।