‘मेड इन इंडिया’‘ सिर्फ लेबल नहीं, बल्कि गुणवत्ता और राष्ट्रीय गौरव का प्रतीक भी : गोयल

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‘मेड इन इंडिया’‘ सिर्फ लेबल नहीं, बल्कि गुणवत्ता और राष्ट्रीय गौरव का प्रतीक भी : गोयल

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  • Publish Date - June 28, 2026 / 12:35 PM IST,
    Updated On - June 28, 2026 / 12:35 PM IST

नयी दिल्ली, 28 जून (भाषा) केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने कहा है कि ‘मेड इन इंडिया’ केवल किसी उत्पाद पर अंकित लेबल नहीं, बल्कि यह गुणवत्ता के प्रति भारत की प्रतिष्ठा और प्रतिबद्धता का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि गुणवत्ता केवल कंपनियों के प्रदर्शन का पैमाना नहीं, बल्कि देश के प्रति एक राष्ट्रीय जिम्मेदारी भी है।

गोयल ने लंदन में 27 जून को आयोजित एक कारोबारी सत्र में तमिलनाडु के अंबूर स्थित फ्लोरेंस शू कंपनी के संस्थापक अकील अहमद पनारूना की सफलता का उल्लेख करते हुए कहा कि भारतीय उद्यमी विश्वस्तरीय विनिर्माण के जरिये ‘ब्रांड इंडिया’ की छवि को वैश्विक स्तर पर मजबूत कर रहे हैं।

उन्होंने बताया कि एक अंतरराष्ट्रीय ग्राहक ने काहिरा हवाई अड्डे पर लक्जरी ब्रांड ह्यूगो बॉस का एक जूता देखा। जूते पर लगे लेबल की जांच करने पर उस पर ‘मेड इन इंडिया’ अंकित मिला। यह जूता अंबूर स्थित फ्लोरेंस शू कंपनी में तैयार किया गया था।

गोयल ने कहा, “जब किसी उत्पाद पर ‘मेड इन इंडिया’ लिखा होता है, तो वह केवल एक कंपनी का नहीं, बल्कि पूरे देश का प्रतिनिधित्व करता है।” उन्होंने कहा कि अकील जैसे उद्यमियों के लिए गुणवत्ता केवल कारोबारी मानक नहीं, बल्कि राष्ट्र के सम्मान और भरोसे से जुड़ी जिम्मेदारी है।

सोशल मीडिया पर साझा संदेश में मंत्री ने कहा कि पनारूना ने भारतीय कारीगरी को दुनिया के प्रतिष्ठित ब्रांड तक पहुंचाने के साथ-साथ ग्रामीण क्षेत्रों में बड़े पैमाने पर रोजगार सृजित किया है। उन्होंने विनिर्माण क्षेत्र में महिलाओं को सशक्त बनाने और ‘जीरो लिक्विड डिस्चार्ज’ जैसी पर्यावरण-अनुकूल प्रौद्योगिकी को अपनाने में भी अग्रणी भूमिका निभाई है।

गोयल 25 से 27 जून तक ब्रिटेन की आधिकारिक यात्रा पर थे, जहां उन्होंने भारत-ब्रिटेन व्यापक आर्थिक एवं व्यापार समझौते (सीईटीए) के क्रियान्वयन से जुड़े मुद्दों पर चर्चा की। यह समझौता 15 जुलाई से प्रभावी होगा। इसके तहत चमड़ा और फुटवियर जैसे श्रम-प्रधान भारतीय उत्पादों को ब्रिटेन के बाजार में शुल्क-मुक्त पहुंच मिलेगी।

मंत्री ने कहा, “अकील और उन सभी भारतीय उद्यमियों का आभार, जो ‘मेड इन इंडिया’ को दुनिया में भरोसे, उत्कृष्टता और गर्व का प्रतीक बना रहे हैं।”

भाषा अजय अजय

अजय