एनएसई के आईपीओ का आकार मसौदा प्रस्ताव के मुकाबले 15 प्रतिशत घटा

एनएसई के आईपीओ का आकार मसौदा प्रस्ताव के मुकाबले 15 प्रतिशत घटा

एनएसई के आईपीओ का आकार मसौदा प्रस्ताव के मुकाबले 15 प्रतिशत घटा
Modified Date: September 11, 2026 / 03:00 pm IST
Published Date: September 11, 2026 3:00 pm IST

नयी दिल्ली, 11 सितंबर (भाषा) नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) के बहुप्रतीक्षित आरंभिक सार्वजनिक निर्गम (आईपीओ) के लिए जून में बाजार नियामक सेबी के समक्ष मसौदा प्रस्ताव (डीआरएचपी) दाखिल किए जाने के बाद कई बदलाव हुए हैं। इनमें निर्गम के आकार में करीब 15 प्रतिशत की कटौती सबसे प्रमुख है।

एनएसई ने बिक्री पेशकश (ओएफएस) के तहत बेचे जाने वाले शेयरों की संख्या 14.9 करोड़ से घटाकर 12.64 करोड़ कर दी है जो करीब 15 प्रतिशत कम है। चूंकि आईपीओ पूरी तरह ओएफएस है, इसलिए शेयरों की संख्या घटने से कुल निर्गम आकार भी कम हो गया है।

एनएसई ने आईपीओ के लिए 1,700-1,785 रुपये प्रति शेयर का मूल्य दायरा तय किया है। इस आधार पर निर्गम के जरिये 21,494 करोड़ रुपये से 22,569 करोड़ रुपये जुटाए जाने का अनुमान है। पहले इसके करीब 30,000 करोड़ रुपये का आईपीओ होने का अनुमान लगाया गया था।

ऊपरी मूल्य दायरे पर 22,569 करोड़ रुपये का निर्गम 2024 में आए हुंदै मोटर इंडिया के 27,870 करोड़ रुपये के आईपीओ के बाद देश का दूसरा सबसे बड़ा आईपीओ हो जाएगा। यह 2022 में आए भारतीय जीवन बीमा निगम (एलआईसी) के 21,000 करोड़ रुपये के आईपीओ से भी बड़ा होगा।

एनएसई के आईपीओ का अनुमानित मूल्यांकन भी पहले के करीब पांच लाख करोड़ रुपये से घटकर करीब 4.2 लाख करोड़ रुपये रह गया है। पहले एनएसई के शेयर का मूल्य करीब 2,000-2,100 रुपये रहने का अनुमान था, लेकिन अब मूल्य दायरा 1,700-1,785 रुपये तय किया गया है।

निर्गम आकार में कमी मुख्य रूप से मौजूदा शेयरधारकों की हिस्सेदारी बिक्री की योजनाओं में बदलाव से हुई है। भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) ने प्रस्तावित बिक्री 2.47 करोड़ से घटाकर 1.6 करोड़ शेयर कर दी है। एमएस स्ट्रैटेजिक (मॉरीशस) लिमिटेड भी निर्गम में 1.6 करोड़ के बजाय 1.1 करोड़ शेयरों की ही बिक्री करेगी।

बैंक ऑफ बड़ौदा ने प्रस्तावित बिक्री 1.09 करोड़ से घटाकर 76.9 लाख शेयर और स्टॉक होल्डिंग कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड ने 1.08 करोड़ से घटाकर 61.87 लाख शेयर कर दी है।

जनरल इंश्योरेंस कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया ने प्रस्तावित बिक्री 1.06 करोड़ से घटाकर 61.87 लाख शेयर कर दी है। नेशनल इंश्योरेंस कंपनी लिमिटेड ने इसे 60 लाख से घटाकर 40 लाख शेयर किया है, जबकि महागोनी लिमिटेड ने अपनी बिक्री 50 लाख से घटाकर 30 लाख शेयर कर दी है।

हालांकि, कुछ शेयरधारकों ने अपनी बिक्री पेशकश को बरकरार रखा है। कनाडा पेंशन प्लान इन्वेस्टमेंट बोर्ड 1.18 करोड़ शेयर की बिक्री करेगा। अरांडा इन्वेस्टमेंट्स (मॉरीशस), न्यू इंडिया एश्योरेंस कंपनी लिमिटेड और यूनाइटेड इंडिया इंश्योरेंस कंपनी लिमिटेड ने क्रमशः 1.12 करोड़, 1.05 करोड़ और 60 लाख शेयर की बिक्री का प्रस्ताव बरकरार रखा है।

संशोधित दस्तावेजों में एसबीआई कैपिटल मार्केट्स लिमिटेड को भी बिक्री करने वाले शेयरधारक के रूप में शामिल किया गया है। हालांकि इसका नाम डीआरएचपी में शामिल नहीं था।

संभवतः मूल्य दायरा कम रखे जाने के कारण कुछ शेयरधारकों ने अपनी हिस्सेदारी बिक्री में कटौती की है। शायद उनका मानना है कि बाद में हिस्सेदारी बेचने पर उन्हें बेहतर मूल्यांकन मिल सकेगा।

यह आईपीओ 17 सितंबर को खुलेगा और 21 सितंबर को बंद होगा। एंकर निवेशकों के लिए बोली 16 सितंबर को होगी। एनएसई के शेयर 24 सितंबर को शेयर बाजार में सूचीबद्ध होने की संभावना है।

भाषा प्रेम प्रेम रमण

रमण


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