आरबीआई ने एमिरेट्स एनबीडी बैंक को आरबीएल बैंक में 74 प्रतिशत तक हिस्सेदारी खरीदने की मंजूरी दी

आरबीआई ने एमिरेट्स एनबीडी बैंक को आरबीएल बैंक में 74 प्रतिशत तक हिस्सेदारी खरीदने की मंजूरी दी

आरबीआई ने एमिरेट्स एनबीडी बैंक को आरबीएल बैंक में 74 प्रतिशत तक हिस्सेदारी खरीदने की मंजूरी दी
Modified Date: April 3, 2026 / 11:35 am IST
Published Date: April 3, 2026 11:35 am IST

नयी दिल्ली, तीन अप्रैल (भाषा) भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने दुबई स्थित एमिरेट्स एनबीडी बैंक को आरबीएल बैंक में 74 प्रतिशत तक हिस्सेदारी खरीदने की मंजूरी दे दी है। इससे यह बैंक, विदेशी बैंक बनने की दिशा में आगे बढ़ेगा।

आरबीएल बैंक ने बृहस्पतिवार को शेयर बाजार को दी सूचना में बताया कि आरबीआई ने यह मंजूरी एक अप्रैल को दी, जिसकी वैधता एक वर्ष तक रहेगी।

संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) के दूसरे सबसे बड़े बैंक एमिरेट्स एनबीडी ने अक्टूबर 2025 में आरबीएल बैंक में 60 प्रतिशत हिस्सेदारी करीब 26,853 करोड़ रुपये में खरीदने का प्रस्ताव पेश किया था जिसके बाद यह मंजूरी दी गई।

मंजूरी पत्र के अनुसार, एमिरेट्स एनबीडी (ईएनबीडी) को आरबीएल बैंक की चुकता पूंजी का कम से कम 51 प्रतिशत हिस्सा बनाए रखना होगा। इसके बाद बैंक को सब्सिडी मॉडल के तहत विदेशी बैंक के रूप में वर्गीकृत किया जाएगा जिसमें निवेशक, मूल विदेशी बैंक होगा।

आरबीआई ने कहा कि ऐसे बैंक पर पूर्ण स्वामित्व वाली अनुषंगी कंपनी मॉडल के तहत संचालित विदेशी बैंकों के लिए नियत प्रावधान लागू होंगे। हालांकि निदेशक मंडल बैठकों में उपस्थित निदेशकों में कम से कम आधे स्वतंत्र निदेशक होने की शर्त इस पर लागू नहीं होगी।

बैंक को अपने ‘आर्टिकल्स ऑफ एसोसिएशन’ में आवश्यक संशोधन कर आरबीआई से मंजूरी लेने को कहा गया है और बैंक इस दिशा में आवश्यक कदम उठाएगा।

आरबीआई ने भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड (सेबी) के नियमों के अधीन ईएनबीडी को आरबीएल बैंक का प्रवर्तक वर्गीकृत करने पर भी कोई आपत्ति नहीं जताई है।

बैंकिंग विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 12(2) के तहत ईएनबीडी के मताधिकार को आरबीएल बैंक के कुल मतदान अधिकारों के 26 प्रतिशत तक सीमित रखा जाएगा।

ईएनबीडी को ‘सिंगल मोड ऑफ प्रेजेंस’ की शर्त से अस्थायी छूट दी गई है जब तक कि भारत में उसकी शाखाओं का आरबीएल बैंक के साथ विलय नहीं हो जाता या अधिकतम एक वर्ष की अवधि पूरी नहीं हो जाती।

आरबीआई ने स्पष्ट किया कि यह मंजूरी भारत सरकार से 49 प्रतिशत से अधिक निवेश के लिए आवश्यक स्वीकृति, बैंकिंग विनियमन अधिनियम 1949, विदेशी मुद्रा प्रबंधन अधिनियम (फेमा) 1999, सेबी नियमों तथा अन्य लागू नियमों के अनुपालन के अधीन होगी।

इस प्रस्तावित सौदे को अभी अन्य नियामकीय मंजूरियां और 18 अक्टूबर 2025 को निवेशक एवं बैंक के बीच हुए निवेश समझौते में उल्लिखित शर्तों को भी पूरा करना होगा।

इससे पहले जनवरी में प्रतिस्पर्धा आयोग (सीसीआई) ने भी एमिरेट्स एनबीडी बैंक के आरबीएल बैंक में बहुलांश हिस्सेदारी खरीदने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी थी।

भाषा निहारिका मनीषा

मनीषा


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