दिल्ली के खान मार्केट में किराये में आठ प्रतिशत, गुरुग्राम बाजार में 14 प्रतिशत की वृद्धि: रिपोर्ट

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दिल्ली के खान मार्केट में किराये में आठ प्रतिशत, गुरुग्राम बाजार में 14 प्रतिशत की वृद्धि: रिपोर्ट

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  • Publish Date - March 8, 2026 / 06:23 PM IST,
    Updated On - March 8, 2026 / 06:23 PM IST

नयी दिल्ली, आठ मार्च (भाषा) रियल एस्टेट सलाहकार कुशमैन एंड वेकफील्ड ने बताया कि बेहतर मांग और सीमित आपूर्ति के कारण दिल्ली के पॉश खान मार्केट में पिछले साल खुदरा दुकानों के किराये में आठ प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई। आंकड़ों से पता चलता है कि पिछले वर्ष के दौरान दिल्ली-एनसीआर के प्रमुख बाजारों के मासिक किराये में दो से 14 प्रतिशत तक की वृद्धि हुई है।

वर्ष 2025 की अक्टूबर-दिसंबर अवधि के दौरान खान मार्केट का मासिक किराया 1,700-1,800 रुपये प्रति वर्ग फुट रहा, जो सालाना आधार पर आठ प्रतिशत अधिक है।

खान मार्केट भारत का सबसे महंगा प्रमुख बाजार बना हुआ है।

वहीं, दिल्ली के कनॉट प्लेस (आंतरिक घेरा) में मासिक किराया चार प्रतिशत बढ़कर 1,150-1,250 रुपये प्रति वर्ग फुट हो गया।

गुरुग्राम के गैलेरिया मार्केट में सबसे अधिक 14 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई, जहां मासिक किराया 1,150-1,250 रुपये प्रति वर्ग फुट रहा।

दिल्ली के साउथ एक्सटेंशन में किराया तीन प्रतिशत बढ़कर 800-850 रुपये, जबकि कमला नगर में 11 प्रतिशत की वृद्धि के साथ 480-510 रुपये प्रति वर्ग फुट प्रति माह हो गया। ग्रेटर कैलाश-1 के एम-ब्लॉक में पांच प्रतिशत की वृद्धि के साथ किराया 475-500 रुपये दर्ज किया गया।

दिल्ली के करोल बाग में मासिक किराया बढ़कर 395-415 रुपये हो गया, जबकि लाजपत नगर में यह तीन प्रतिशत की वार्षिक वृद्धि के साथ 290-310 रुपये प्रति वर्ग फुट रहा।

राजौरी गार्डन में छह प्रतिशत की बढ़ोतरी के साथ किराया 255-265 रुपये और पंजाबी बाग में दो प्रतिशत की वृद्धि के साथ 260-275 रुपये प्रति वर्ग फुट रहा।

नोएडा के सेक्टर-18 में मासिक किराये में आठ प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई और यह 200-220 रुपये प्रति वर्ग फुट तक पहुंच गया। वहीं, गुरुग्राम के सेक्टर-29 में पिछले साल की अक्टूबर-दिसंबर अवधि के दौरान मासिक किराया सालाना आधार पर तीन प्रतिशत बढ़कर 180-190 रुपये प्रति वर्ग फुट रहा।

कुशमैन एंड वेकफील्ड के कार्यकारी प्रबंध निदेशक (मुंबई और नया व्यवसाय) गौतम सराफ ने कहा, ‘दिल्ली-एनसीआर के प्रमुख बाजारों में 2025 के दौरान किराये में अच्छी बढ़ोतरी दर्ज की गई है। सालाना आधार पर इसमें दो से 14 प्रतिशत की वृद्धि हुई है, जो यह दर्शाता है कि अच्छी जगह की उपलब्धता की तुलना में मांग लगातार बढ़ रही है।

आंकड़ों के अनुसार, 2025 में दिल्ली-एनसीआर में कुल 22.5 लाख वर्ग फुट खुदरा क्षेत्र किराये पर लिये गये, जो 2019 के बाद का उच्चतम स्तर है।

भाषा सुमित रमण

रमण