मुंबई, 17 अप्रैल (भाषा) पश्चिम एशिया में तनाव कम होने और विदेशी निवेशकों की ताजा लिवाली से घरेलू शेयर बाजार शुक्रवार को चढ़कर बंद हुए। सेंसेक्स में 505 अंक की मजबूती दर्ज की गई जबकि निफ्टी 157 अंकों की बढ़त पर रहा।
विश्लेषकों ने कहा कि अमेरिका और ईरान के बीच कूटनीतिक समाधान की उम्मीद और इजराइल-लेबनान के बीच 10 दिन के युद्धविराम से वैश्विक निवेशकों का जोखिम उठाने का रुझान बेहतर हुआ है।
बीएसई का 30 शेयरों वाला मानक सूचकांक सेंसेक्स 504.86 अंक यानी 0.65 प्रतिशत उछलकर 78,493.54 अंक पर बंद हुआ। कारोबार के दौरान एक समय यह 564.77 अंक तक चढ़ गया था।
वहीं, एनएसई का 50 शेयरों पर आधारित मानक सूचकांक निफ्टी 156.80 अंक यानी 0.65 प्रतिशत बढ़कर 24,353.55 अंक पर बंद हुआ।
सेंसेक्स के समूह में शामिल कंपनियों में से हिंदुस्तान यूनिलीवर, पावर ग्रिड, रिलायंस इंडस्ट्रीज, भारत इलेक्ट्रॉनिक्स, टेक महिंद्रा और टाइटन के शेयर प्रमुख रूप से लाभ में रहे।
दूसरी ओर, सन फार्मा, महिंद्रा एंड महिंद्रा, लार्सन एंड टुब्रो और एचसीएल टेक के शेयरों में गिरावट का रुझान देखा गया।
वैश्विक तेल मानक ब्रेंट क्रूड 3.07 प्रतिशत गिरकर 96.34 डॉलर प्रति बैरल पर आ गया, जिससे बाजार धारणा को समर्थन मिला।
लाइवलॉन्ग वेल्थ के शोध विश्लेषक और संस्थापक हरिप्रसाद के. ने कहा, ‘पश्चिम एशिया में तनाव घटने की उम्मीद ने घरेलू बाजार को मजबूती देने का काम किया। इससे कच्चे तेल की कीमतों में संभावित उछाल को लेकर चिंता कम हुई, जिसका असर मुद्रास्फीति और मुद्रा स्थिरता पर पड़ता है।’
एशिया के अन्य बाजारों में दक्षिण कोरिया का कॉस्पी, जापान का निक्की, चीन का शंघाई कंपोजिट और हांगकांग का हैंगसेंग सूचकांक नुकसान में रहे।
यूरोपीय बाजार दोपहर के कारोबार में बढ़त में थे। अमेरिकी बाजार बृहस्पतिवार को सकारात्मक रुख के साथ बंद हुए थे।
शेयर बाजार के आंकड़ों के अनुसार, विदेशी संस्थागत निवेशकों (एफआईआई) ने बृहस्पतिवार को 382.36 करोड़ रुपये के शेयर खरीदे।
जियोजीत इन्वेस्टमेंट्स लिमिटेड के शोध प्रमुख विनोद नायर ने कहा, ‘घरेलू बाजार पश्चिम एशिया संकट के समाधान की बढ़ती उम्मीद और एफआईआई के फिर से लिवाल बन जाने से बढ़त के साथ बंद हुए।’
इससे पहले, बृहस्पतिवार को सेंसेक्स 122.56 अंक गिरकर 77,988.68 अंक और निफ्टी 34.55 अंक फिसलकर 24,196.75 अंक पर बंद हुआ था।
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प्रेम रमण
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