नयी दिल्ली, सात अप्रैल (भाषा) दूरसंचार नियामक ट्राई ने मंगलवार को दूरसंचार परिचालकों के लिए यह अनिवार्य किये जाने का प्रस्ताव किया कि वे केवल कॉल और एसएमएस सेवाओं के लिए कम कीमत पर मोबाइल प्लान जारी करें। इसकी कीमत मौजूदा विशेष शुल्क वाउचर की तुलना में कम हो, जिनमें डेटा (इंटरनेट) सुविधा भी शामिल है।
दूरसंचार उपभोक्ता संरक्षण (तेरहवां संशोधन) विनियमन, 2026 के मसौदे में ट्राई ने कहा कि उसने प्रत्येक दूरसंचार परिचालक के लिए कम से कम एक विशेष शुल्क वाउचर जारी करना अनिवार्य किया है, जो केवल कॉल (वॉयस) और एसएमएस के लिए हो। लेकिन कंपनियों ने लंबी वैधता वाले कुछ ही प्लान जारी किए।
भारतीय दूरसंचार नियामक प्राधिकरण (ट्राई) ने यह भी पाया कि केवल वॉयस और एसएमएस पैक को पेश करते समय, दूरसंचार परिचालकों ने शुरू में अपेक्षाकृत अधिक कीमत तय की और प्लान से डेटा लाभ हटाने के अनुपात में इन कीमतों को कम नहीं किया गया।
नियामक ने कहा कि पिछले बदलाव का परिणाम संतोषजनक नहीं रहा है और इसलिए उसने एक नया प्रस्ताव पेश किया है।
ट्राई ने कहा, ‘‘प्रस्तावित संशोधन का उद्देश्य इस समस्या का समाधान करना है। इसके तहत, वॉयस, एसएमएस और डेटा वाले विशेष शुल्क वाउचर (चाहे उनमें अतिरिक्त सेवाएं हों या न हों) के लिए दी जाने वाली प्रत्येक वैधता अवधि के लिए, सेवा प्रदाता को केवल वॉयस और एसएमएस के लिए एक अलग विशेष शुल्क वाउचर भी देना अनिवार्य होगा।’’
नियामक ने कहा कि इस संशोधन से पारदर्शिता बढ़ेगी, अनावश्यक सेवाओं की जबरन खरीद पर रोक लगेगी और यह सुनिश्चित होगा कि जिन उपभोक्ताओं को डेटा की आवश्यकता नहीं है, उन्हें इसके लिए भुगतान के लिए बाध्य नहीं किया जाए।
नियामक ने कहा, ‘‘साथ ही, इससे उपभोक्ताओं को केवल वॉयस और एसएमएस वाले पैक के अधिक विकल्प मिलेंगे, जिससे वे डेटा-युक्त पैक के बराबर हो जाएंगे।’’
ट्राई ने इस प्रस्ताव पर संबंधित पक्षों से 28 अप्रैल तक सुझाव देने को कहा है।
भाषा रमण अजय
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