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Baloda Bazar News Today : फाइलेरिया की दवा खाने के बाद तीन साल की मासूम की मौत, दवा खाते ही होने लगी थी उल्टी, हाथ पैर में पड़ गए फफोले, परिजनों का आरोप
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Baloda Bazar News Today : फाइलेरिया की दवा खाने के बाद तीन साल की मासूम की मौत, दवा खाते ही होने लगी थी उल्टी, हाथ पैर में पड़ गए फफोले, परिजनों का आरोप
बलौदाबाजार: Baloda Bazar News Today जिले के खपरीडीह गांव से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। दरअसल यहां फाइलेरिया की दवा खाने के बाद तीन साल की मासूम की मौत हो गई। बताया गया कि दवा लेने के बाद बच्ची को सिर में दर्द और उल्टी दस्त शुरू हो गया था। वहीं, मासूम के हाथ पैर में फफोले भी पड़ने लगा था। फिलहाल मामला सामने आने के बाद स्वास्थ्य महकमे में हड़कंप मचा हुआ है, लेकिन अधिकारी कुछ बोलने को तैयार नहीं हैं।
Baloda Bazar News Today मिली जानकारी के अनुसार बीत कुछ दिनों से गांव मितानिन समूह की ओर से फाइलेरिया से बचने के लिए दवाई का वितरण किया जा रहा है। परिजनों की मानें तो मितानिनों ने घर पर आकर उनकी तीन साल की बच्ची को फाइलेरिया की दवा खिलाई थी। जबकि इस दौरान दौरान परिजन घर पर नहीं थे। बताया गया कि दवाई खाने के बाद बच्ची के सिर में दर्द शुरू हुआ, फिर धीरे धीरे शरीर में फफोले निकलने लगे। साथ ही उल्टी दस्त होने लगा।
परिजनों ने आगे बताया कि बच्ची का हालत बिगड़ने के बाद परिजनों ने आनन फानन में उसे अस्पताल ले जाया गया। परिजनों ने गिधौरी के डॉक्टर के पास दिखाया गया, लेकिन बच्चे का बिगड़ते हालात को देखते ही उनके द्वारा कसडोल के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में रेफर कर दिया गया। लेकिन हालत को देखते हुए उसे रायपुर रेफर कर दिया गया, जहां इलाज के दौरान मासूम की मौत हो गई।
मासूम को फाइलेरिया की दवा खाने के बाद सिर में दर्द, उल्टी, दस्त और हाथ-पैर में फफोले पड़ने लगे थे। बच्ची की स्थिति गंभीर होने के बाद उसे अस्पताल ले जाया गया, लेकिन इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।
क्या दवा के सेवन से हुई यह समस्या सामान्य है?
यह समस्या सामान्य नहीं है। दवा के बाद ऐसी प्रतिक्रियाएं असामान्य और गंभीर हैं, जिनकी जांच की जानी चाहिए। फिलहाल स्वास्थ्य महकमे में हड़कंप मचा हुआ है, लेकिन अधिकारी कुछ भी बोलने को तैयार नहीं हैं।
क्या मितानिनों ने बिना अनुमति के बच्ची को दवा दी थी?
परिजनों के अनुसार, मितानिनों ने बिना अनुमति के बच्ची को फाइलेरिया की दवा दी थी, जबकि इस दौरान घर पर परिजन मौजूद नहीं थे।
बच्ची के इलाज के लिए कहां-कहां भेजा गया था?
बच्ची को पहले गिधौरी के डॉक्टर के पास दिखाया गया, फिर उसे कसडोल के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में रेफर किया गया और अंत में रायपुर भेजा गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।
स्वास्थ्य महकमे ने इस घटना पर क्या प्रतिक्रिया दी है?
स्वास्थ्य महकमे में इस घटना को लेकर हड़कंप मचा हुआ है, लेकिन अधिकारी इस मामले में कुछ भी बोलने को तैयार नहीं हैं।