Ghar Wapsi in Chhattisgarh :छत्तीसगढ़ के इस ज़िले में फिर घर वापसी की लहर, इतने लोगों ने ईसाई धर्म छोड़ कर अपनाया सनातन धर्म, मंत्रोच्चारण के साथ हुआ स्वागत

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छत्तीसगढ़ के कांकेर जिले के भानुप्रतापपुर क्षेत्र के तरांदुल गांव में 7 परिवारों के 48 लोगों ने ईसाई धर्म छोड़कर सनातन धर्म में घर वापसी की। धार्मिक मंत्रोच्चारण और हिंदू रीति-रिवाजों के साथ आयोजित कार्यक्रम में सभी लोगों ने अपने मूल धर्म में लौटने की घोषणा की।

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  • Publish Date - March 8, 2026 / 06:03 PM IST,
    Updated On - March 8, 2026 / 06:43 PM IST

Ghar Wapsi in Chhattisgarh / Image Source : IBC24 / FILE

HIGHLIGHTS
  • कांकेर के तरांदुल गांव में 7 परिवारों के 48 लोगों ने की घर वापसी।
  • करीब 3 साल पहले अपनाया था ईसाई धर्म, अब फिर से सनातन धर्म में लौटे।
  • मंत्रोच्चारण और हिंदू रीति-रिवाजों के साथ हुआ कार्यक्रम।

कांकेर: Ghar Wapsi in Chhattisgarh छत्तीसगढ़ में घर वापसी का सिलसिला तेज़ हो गया है। बीते दिनों सैकड़ों से भी अधिक लोगों ने ईसाई धर्म छोड़कर अपने मूल धर्म में वापसी कर ली। ताज़ा मामला एक बार फिर कांकेर ज़िले के भानुप्रतापपुर से सामने आया है। यहाँ तरांदुल गांव के 7 परिवारों के 48 लोगों ने सनातन धर्म अपनाते हुए घर वापसी की। सभी ने मंत्रोच्चारण और हिंदू रीति-रिवाजों के साथ गांव के मुखिया के समक्ष ईसाई धर्म छोड़कर हिंदू धर्म में पुनः प्रवेश किया।

3 साल पहले अपनाया था ईसाई धर्म

मिली जानकारी के अनुसार, भानुप्रतापपुर के तरांदुल गांव में 7 परिवारों के कुल 48 लोगों ने सनातन धर्म अपना लिया। बताया जा रहा है कि इन लोगों ने करीब तीन साल पहले ईसाई धर्म अपनाया था। Bhanupratappur News, गांव में आयोजित कार्यक्रम के दौरान मंत्रोच्चारण और हिंदू रीति-रिवाजों के साथ सभी लोगों ने दोबारा सनातन धर्म में शामिल होने की प्रक्रिया पूरी की। इस दौरान गांव के मुखिया समेत कई जनप्रतिनिधि भी मौके पर मौजूद रहे। कार्यक्रम में शामिल लोगों ने सार्वजनिक रूप से ईसाई धर्म छोड़कर अपने मूल धर्म में लौटने की घोषणा की। पूरे कार्यक्रम को धार्मिक विधि-विधान के साथ संपन्न कराया गया।

सैकड़ों लोगों की हो चुकी है घर वापसी

आपको बता दें कि बीते दिनों भानुप्रतापपुर विकासखंड के ही ग्राम घोठा में एक परिवार के 3 सदस्यों और 2 बच्चों समेत कुल 5 लोगों ने ईसाई धर्म छोड़कर अपने मूल धर्म में वापसी की थी।Kawardha Ghar Wapsi  वहीं, कवर्धा ज़िले में भी 140 से अधिक लोगों ने ईसाई धर्म छोड़कर हिंदू धर्म में वापसी की। कवर्धा में विधायक भावना बोहरा ने स्वयं सभी लोगों के चरण धोकर उनकी घर वापसी कराई थी। गौरतलब है कि छत्तीसगढ़ में आमाबेड़ा क्षेत्र में हुए हंगामे के बाद पूरे प्रदेश में घर वापसी का सिलसिला तेज़ हो गया है और अब तक सैकड़ों लोगों ने अपने मूल धर्म को अपना लिया है।

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कांकेर में कितने लोगों ने घर वापसी की?

कांकेर जिले के भानुप्रतापपुर क्षेत्र के तरांदुल गांव में 7 परिवारों के कुल 48 लोगों ने सनातन धर्म में घर वापसी की।

इन लोगों ने ईसाई धर्म कब अपनाया था?

बताया जा रहा है कि इन लोगों ने करीब तीन साल पहले ईसाई धर्म अपनाया था।

घर वापसी की प्रक्रिया कैसे संपन्न हुई?

मंत्रोच्चारण और हिंदू रीति-रिवाजों के साथ आयोजित कार्यक्रम में सभी लोगों ने गांव के मुखिया और जनप्रतिनिधियों की मौजूदगी में सनातन धर्म में पुनः प्रवेश किया।