Home » Chhattisgarh » Kondagaon POCSO Case: Major verdict by Kondagaon Court – Man convicted of raping a 4-year-old girl sentenced to 20 years in prison.
Kondagaon POCSO Case: चॉकलेट का लालच देकर 4 साल की मासूम से हैवानियत, कोर्ट ने दरिंदे को सुनाई कड़ी सजा
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Kondagaon POCSO Case: चॉकलेट का लालच देकर 4 साल की मासूम से हैवानियत, कोर्ट ने दरिंदे को सुनाई कड़ी सजा
कोंडगांव। Kondagaon POCSO Case:छत्तीसगढ़ में 4 साल की मासूम से दरिंदगी करने वाली आरोपी को कोर्ट ने कड़ी सजा सुनाई है। जिला न्यायालय कोण्डागांव के अपर सत्र न्यायाधीश प्रतिभा मरकाम ने मासूम से अनाचार के मामले में आरोपी को 20 साल की सश्रम कारावास की सजा सुनाई है। यह मामला पॉक्सो एक्ट के तहत दर्ज था, जिसमें न्यायालय ने आरोपी को दोषी पाते हुए यह फैसला सुनाया।
मिली जानकारी के अनुसार, ये पूरी घटना 4 अप्रैल 2025 की है और मामले की रिपोर्ट 5 अप्रैल 2025 को सिटी कोतवाली कोण्डागांव में दर्ज की गई थी। आरोपी उमेश राठौर (27) निवासी बालासार कोण्डागांव के खिलाफ नाबालिग बालिका को चॉकलेट देने का लालच देकर बहला-फुसलाकर ले जाने और उसके साथ लैंगिक अपराध करने का आरोप था।
500 रुपये अर्थदंड की सजा
मामले में छत्तीसगढ़ राज्य की ओर से विशेष लोक अभियोजक जशवंत गौतम ने न्यायालय में प्रभावी पैरवी की। सुनवाई के बाद पीठासीन न्यायाधीश प्रतिभा मरकाम ने आरोपी को भारतीय न्याय संहिता की धारा 65 (2) एवं पॉक्सो अधिनियम की धारा 6 के तहत दोषी ठहराते हुए 20 वर्ष के सश्रम कारावास और 500 रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई। अर्थदंड जमा नहीं करने पर आरोपी को एक माह का अतिरिक्त सश्रम कारावास भुगतना होगा। लोक अभियोजक हेमंत गोस्वामी ने बताया कि अभियोजन पक्ष ने न्यायालय में प्रस्तुत साक्ष्यों के आधार पर अपराध को प्रमाणित किया, जिसके बाद न्यायालय ने आरोपी को कठोर दंड दिया।