Raipur NSUI Extortion Case : NSUI नेताओं के गाड़ी के अंदर का ‘सीक्रेट’ वीडियो आया सामने! क्लब में हुई मारपीट के बाद पीड़ितों को बनाया शिकार, करने लगे इस बड़ी चीज़ की डिमांड!

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रायपुर में NSUI के दो पदाधिकारियों पर एक क्लब विवाद से जुड़े युवकों को कथित तौर पर डराकर आर्थिक वसूली करने के आरोप लगे हैं। सोशल मीडिया पर वायरल ऑडियो-वीडियो में मामले को रफा-दफा कराने और पुलिस कार्रवाई रुकवाने के नाम पर 50 हजार रुपये मांगने का दावा किया जा रहा है। पीड़ित पक्ष ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है।

  • Reported By: Tehseen Zaidi

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  • Publish Date - June 22, 2026 / 03:43 PM IST,
    Updated On - June 22, 2026 / 04:47 PM IST

Raipur NSUI Extortion Case / Image Source : X

HIGHLIGHTS
  • रायपुर में NSUI के दो पदाधिकारियों पर गंभीर आरोप
  • क्लब विवाद के वीडियो को लेकर शुरू हुआ पूरा मामला
  • कथित ऑडियो-वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल

रायपुर : Raipur NSUI Extortion Case :  छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में छात्र राजनीति को शर्मसार करने वाला एक बेहद गंभीर मामला सामने आया है। यहाँ कांग्रेस के छात्र संगठन एनएसयूआई (NSUI) के दो बड़े पदाधिकारियों पर डरा-धमकाकर आर्थिक वसूली करने के संगीन आरोप लगे हैं। मामले से जुड़ा एक कथित ऑडियो और वीडियो क्लिप सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें संगठन के रसूखदार पदाधिकारी मामले को रफा-दफा करने के एवज में रुपयों की मांग करते नजर आ रहे हैं।

खबर भेजकर उन्हें डराया

मिली जानकारी के अनुसार, कुछ दिनों पहले शहर के एक क्लब में कुछ लड़कों के बीच आपसी विवाद और मारपीट हुई थी। Ashish Bajpai NSUI Controversy इस घटना का वीडियो एनएसयूआई के जिला उपाध्यक्ष तारिक अनवर खान और उत्तर विधानसभा उपाध्यक्ष आशीष बाजपेयी के पास पहुंच गया। आरोप है कि इन पदाधिकारियों ने पहले इस वीडियो को एक न्यूज पोर्टल पर चलवाया। इसके बाद संगठन के कुछ कार्यकर्ताओं को पुलिस अधिकारियों के पास भेजकर देर रात तक क्लब चलने की शिकायत की और वीडियो में दिख रहे लड़कों को गिरफ्तार करने का दबाव बनवाया। पुलिस कार्रवाई की इसी खबर का वीडियो दोबारा पीड़ितों के पास भेजकर उन्हें डराया गया।

50,000 रुपये की मांग

VIP Road Raipur Viral Video आपसी पहचान होने के कारण एनएसयूआई नेता तारिक अनवर खान ने शनिवार को पीड़ितों को वीआईपी रोड पर मिलने बुलाया। आरोप है कि उन्होंने अपनी ही गाड़ी के भीतर पीड़ितों को पुलिस और संगठन के कार्यकर्ताओं से सेटिंग कराने का झांसा दिया। वायरल रिकॉर्डिंग के मुताबिक, मामले को दबाने और आगे कोई ज्ञापन या विरोध प्रदर्शन न करने के एवज में कथित रूप से 50,000 रुपये की मांग की गई। इस पूरी बातचीत में आशीष बाजपेयी के नाम का भी उल्लेख किया गया है, जिसका वीडियो अब सामने आ चुका है।इस पूरे मामले में पीड़ित लड़कों ने पूरे प्रकरण की निष्पक्ष, स्वतंत्र और समयबद्ध जांच करने की मांग की है ताकि दोषियों के खिलाफ उचित दंडात्मक कार्रवाई की जा सके और सच जनता के सामने आ सके।

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