Sai Cabinet Meeting: नवरात्रि से पहले इसदिन होगी साय कैबिनेट की बड़ी बैठक, कई अहम मुद्दों पर चर्चा के बाद लगेगी मुहर

Sai Cabinet Meeting: नवरात्रि से पहले इसदिन होगी साय कैबिनेट की बड़ी बैठक, कई अहम मुद्दों पर चर्चा के बाद लगेगी मुहर

Sai Cabinet Meeting: नवरात्रि से पहले इसदिन होगी साय कैबिनेट की बड़ी बैठक, कई अहम मुद्दों पर चर्चा के बाद लगेगी मुहर

Sai Cabinet Meeting: नवरात्रि से पहले इसदिन होगी साय कैबिनेट की बड़ी बैठक, कई अहम मुद्दों पर चर्चा के बाद लगेगी मुहर /image: IBC24 File

Modified Date: September 25, 2026 / 04:07 pm IST
Published Date: September 25, 2026 4:06 pm IST
HIGHLIGHTS
  • 30 सितंबर को होगी साय कैबिनेट की बैठक
  • सुबह 11:30 बजे महानदी भवन में बैठक
  • कई अहम प्रस्तावों पर लग सकती है मुहर

रायपुर। Sai Cabinet Meeting: छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर स्थित महानदी भवन में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय (Vishnu Deo Sai) की अध्यक्षता में कैबिनेट की महत्वपूर्ण बैठक 30 सितम्बर 2026 हो आयोजित की गई। बैठक में उपमुख्यमंत्री अरुण साव और विजय शर्मा के साथ-साथी सभी मंत्री और उनके विभागों से संबधित अधिकारी-कर्मचरी भी मौजूद रहेंगे। इस बैठक में कई अहम मुद्दों पर चर्चा होने के बाद मुहर लग सकती है।

नवरात्रि के पहले होने वाली साय कैबिनेट की बैठक काफी अहम माना जा रहा है। यह बैठक बुधवार 30 सितम्बर 2026 को सुबह 11.30 बजे से मंत्रालय महानदी भवन में स्थित मंत्रिपरिषद कक्ष में आयोजित हैं। इस बैठक में सरकार के कई बड़े फैसलों पर मुहर लगा सकती है।

पढ़ें पिछली बैठक के निर्णय (CG Cabinet Meeting 2026)

Sai Cabinet Meeting मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में पिछली कैबिनेट की बैठक में प्रदेश के विकास और जनहित से जुड़े कई महत्वपूर्ण फैसलों पर मुहर लगाई गई। सरकार ने युवाओं को रोजगार और स्वरोजगार से जोड़ने के लिए सीएम स्टार्टअप और NIPU मिशन को मंजूरी दी है।

मंत्रिपरिषद ने प्रदेश के युवाओं के लिए रोजगार, कौशल विकास, उद्यमिता और नवाचार के नए अवसर सृजित करने हेतु महत्वपूर्ण निर्णय लेते हुए ‘मुख्यमंत्री स्टार्टअप एवं NIPUN मिशन’ को मंजूरी दी है। मिशन के लिए आगामी पांच वर्षों हेतु 500 करोड़ रूपए का प्रावधान किया गया है। इसके अंतर्गत सभी 33 जिलों में उद्यमिता विकास केंद्र, 100 इमर्जिंग टेक्नोलॉजी लैब और 5 इंडस्ट्री एक्सीलेंस सेंटर स्थापित किए जाएंगे तथा NIPUN JOB Engine के माध्यम से उद्योगों की जरूरत के अनुरूप कौशल विकास और औपचारिक रोजगार को बढ़ावा दिया जाएगा। इस मिशन का उद्देश्य प्रदेश के युवाओं को रोजगार के बेहतर अवसर देने के साथ ही उन्हें जॉब-सीकर से जॉब-क्रिएटर बनाना और छत्तीसगढ़ को स्टार्टअप, नवाचार एवं नई तकनीक आधारित उद्योगों के प्रमुख केंद्र के रूप में विकसित करना है।

मंत्रिपरिषद ने राज्य को देश के प्रमुख निर्यात केंद्र के रूप में विकसित करने के उद्देश्य से ‘छत्तीसगढ़ निर्यात प्रोत्साहन नीति 2026-30’ को मंजूरी दी है। नई नीति के माध्यम से प्रदेश में मजबूत निर्यात इकोसिस्टम और लॉजिस्टिक्स इंफ्रास्ट्रक्चर विकसित करने, निर्यातकों को बेहतर बाजार पहुंच एवं व्यापार सुविधाएं उपलब्ध कराने के साथ ही कृषि एवं औद्योगिक क्षेत्रों में मूल्य संवर्धित उत्पादों के निर्यात को बढ़ावा दिया जाएगा। इस नीति के तहत ई-कॉमर्स, व्यापार मेलों एवं प्रदर्शनियों के माध्यम से प्रदेश के उद्यमियों और निर्यातकों की अंतरराष्ट्रीय बाजारों तक सीधी पहुंच बढ़ाई जाएगी। इस नीति का लक्ष्य छत्तीसगढ़ के निर्यात में गुणात्मक एवं मात्रात्मक वृद्धि के साथ प्रदेश को राष्ट्रीय एवं वैश्विक बाजारों से और मजबूती से जोड़ना है।

मंत्रिपरिषद ने नवा रायपुर अटल नगर में नेशनल स्किल ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट (NSTI) की स्थापना के लिए एक और महत्वपूर्ण निर्णय लेते हुए भारत सरकार के कौशल विकास एवं उद्यमशीलता निदेशालय को ग्राम तेंदुवा में 10 एकड़ भूमि निःशुल्क आवंटित करने के प्रस्ताव को मंजूरी दी है।

लगभग 200 करोड़ रूपए की लागत से विकसित होने वाले इस संस्थान में आधुनिक शैक्षणिक, प्रशासनिक एवं छात्रावास सुविधाएं विकसित की जाएंगी। यहां दीर्घकालिक पाठ्यक्रमों में प्रतिवर्ष 1,000 तथा अल्पकालीन कार्यक्रमों में 3,000 प्रशिक्षुओं को आज के उद्योगों की जरूरत के अनुरूप आधुनिक तकनीकी एवं व्यावसायिक प्रशिक्षण दिया जा सकेगा। नेशनल स्किल ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट की स्थापना से प्रदेश के युवाओं के लिए उन्नत कौशल प्रशिक्षण, इंटर्नशिप और रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे तथा नवा रायपुर को देश में कौशल एवं तकनीकी शिक्षा के प्रमुख केंद्र के रूप में विकसित करने में मदद मिलेगी।

मंत्रिपरिषद ने राज्य शासन के अधीन कार्यरत स्थायी/अस्थायी शासकीय सेवकों, निगम-मंडल एवं स्वशासी संस्थाओं के कर्मचारियों, संविदाकर्मियों तथा नगर सैनिकों को अन्य शासकीय सेवाओं एवं उच्च पदों के लिए आवेदन करने में बड़ी राहत देते हुए निर्धारित अधिकतम आयु सीमा 38 वर्ष से बढ़ाकर 45 वर्ष करने के प्रस्ताव को मंजूरी दी है।

इस निर्णय से शासकीय एवं संबद्ध संस्थाओं में कार्यरत कर्मचारियों को उच्च पदों एवं अन्य सेवाओं में आगे बढ़ने के अधिक और समान अवसर प्राप्त होंगे। इस संबंध में राज्य शासन द्वारा एकीकृत स्थायी दिशा-निर्देश जारी किए जाएंगे।

मंत्रिपरिषद ने दुर्ग जिला न्यायालय के नवीन भवन निर्माण के लिए ग्राम तितुरडीह में बीआईटी कॉलेज के समीप 4 हेक्टेयर भूमि उपलब्ध कराने के प्रस्ताव को मंजूरी दी है। इसके लिए भिलाई इस्पात संयंत्र के नाम दर्ज उक्त भूमि के बदले ग्राम पाहंदा, तहसील पाटन में 5.024 हेक्टेयर शासकीय भूमि भिलाई इस्पात संयंत्र को दी जाएगी। दोनों भूखंडों का वर्तमान मूल्य लगभग समान है। इस निर्णय से दुर्ग में जिला न्यायालय के लिए आधुनिक एवं सुव्यवस्थित नवीन न्यायालय परिसर के निर्माण का मार्ग प्रशस्त होगा और न्यायिक अधोसंरचना को और सुदृढ़ किया जा सकेगा।

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लेखक के बारे में

सवाल आपका है... 9 सालों से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं. पिछले 7 सालों से डिजिटल मीडिया से जुड़े हुए हैं और कई मीडिया संस्थानों में अपना योगदान दिया है. इन्होंने कुशाभाऊ ठाकरे पत्रकारिता एवं जनसंचार विश्वविद्यालय से इलेक्ट्रॉनिक मीडिया में मास्टर की डिग्री ली है.