बदायूं (उप्र), 13 सितंबर (भाषा) बदायूं जिले के जरीफनगर क्षेत्र में पुलिस की गोपनीय जानकारी का दुरुपयोग कर जन सेवा केंद्र संचालक से साठगांठ करके लोगों से पैसे वसूलने के आरोप में जरीफनगर थाने में तैनात एक कंप्यूटर ऑपरेटर समेत तीन लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। पुलिस ने रविवार को यह जानकारी दी।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) अंकिता शर्मा ने आरोपी कंप्यूटर ऑपरेटर को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है।
पुलिस सूत्रों ने बताया कि जरीफनगर थाने में तैनात कंप्यूटर ऑपरेटर जावेद पर आरोप है कि वह गुम या चोरी हुए मोबाइल फोन के मामले में थाने में दर्ज शिकायतों की जानकारी एक जन सेवा केंद्र के संचालक को देता था और मोबाइल फोन मिलने के नाम पर केंद्र संचालक तथा उसका साथी फोन के मालिक से धन वसूलते थे।
एसएसपी ने बताया कि गुम या चोरी हुए मोबाइल फोन की जानकारी केंद्रीय उपकरण पहचान रजिस्टर (सीईआईआर) के पोर्टल पर दर्ज की जाती है और जब कोई मोबाइल फोन बरामद होता है तो उसकी जानकारी भी इसी पोर्टल पर अद्यतन की जाती है।
उन्होंने बताया कि जरीफनगर थाने में तैनात कंप्यूटर ऑपरेटर जावेद इसी जानकारी का दुरुपयोग कर जन सेवा केंद्र के संचालकों को बताया था कि किस व्यक्ति का मोबाइल फोन मिल गया है और उसके बाद केंद्र संचालक खुद को पुलिसकर्मी बताकर उस व्यक्ति से संपर्क करते थे तथा मोबाइल वापस देने के एवज में धन की मांग करते थे।
शर्मा ने बताया कि इस मामले में रामपुर टप्पा वैश्य गांव निवासी हरीश बाबू उर्फ हीरा सिंह ने शिकायत की थी, जिसमें उसने आरोप लगाया था कि जन सेवा केंद्र संचालक प्रेमपाल उर्फ बंटी और उसके साथी रंजीत ने मोबाइल मिलने की जानकारी देकर उससे धन मांगा और चार सितंबर को डरा-धमकाकर चार हजार रुपये ले लिये।
उन्होंने बताया कि शिकायत की जांच के दौरान पता चला कि इस पूरे मामले में जरीफनगर थाने का कंप्यूटर ऑपरेटर जावेद भी शामिल था।
शर्मा ने कहा कि जावेद को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है और उसके तथा जन सेवा केंद्र के संचालकों प्रेमपाल और रंजीत के खिलाफ मामला भी दर्ज कराया गया है।
उन्होंने बताया कि मामले में कार्रवाई जारी है।
भाषा सं. सलीम नेत्रपाल सुरभि
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