प्रधानमंत्री के असम दौरे से पहले मुख्य सचिव ने तैयारियों की समीक्षा की

प्रधानमंत्री के असम दौरे से पहले मुख्य सचिव ने तैयारियों की समीक्षा की

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  • Publish Date - January 10, 2026 / 06:34 PM IST,
    Updated On - January 10, 2026 / 06:34 PM IST

गुवाहाटी, 10 जनवरी (भाषा) असम के मुख्य सचिव रवि कोटा ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के 18 जनवरी को नगांव जिले में कलियाबोर के प्रस्तावित दौरे की तैयारियों का जायजा लेने के लिए शनिवार को एक समीक्षा बैठक की। अधिकारियों ने यह जानकारी दी।

प्रधानमंत्री 17 जनवरी को असम का दो दिवसीय दौरा करेंगे। वह अर्जुन भोगेश्वर बरुआ स्पोर्ट्स स्टेडियम में बोडो लोक नृत्य ‘बागरुम्बा’ देखेंगे और अगले दिन कलियाबोर जाकर 6,957 करोड़ रुपये की लागत से बन रहे काजीरंगा एलिवेटेड कॉरिडोर की आधारशिला रखेंगे।

अपनी यात्रा के दौरान प्रधानमंत्री मोदी दो अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेन को ऑनलाइन माध्यम से हरी झंडी दिखाएंगे और कलियाबोर में एक जनसभा को संबोधित करेंगे।

मुख्यमंत्री कार्यालय (सीएमओ) ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ के अपने आधिकारिक हैंडल से जारी पोस्ट में कहा, ‘‘असम सरकार की ओर से मुख्य सचिव डॉ. रवि कोटा ने 18 जनवरी को माननीय प्रधानमंत्री की कलियाबोर की प्रस्तावित यात्रा की तैयारियों की समीक्षा की। 6,957 करोड़ रुपये के काजीरंगा एलिवेटेड कॉरिडोर की आधारशिला रखने और दो अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेन को ऑनलाइन हरी झंडी दिखाने के लिए व्यवस्थाओं का आकलन किया गया, जिसमें कार्यक्रम के लिए अंतर-विभागीय समन्वय पर जोर दिया गया।’’

मुख्य सचिव कार्यालय ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में यह भी उल्लेख किया कि 18 जनवरी को कलियाबोर के प्रधानमंत्री के प्रस्तावित दौरे की तैयारियों का आकलन करने के लिए एक समीक्षा बैठक आयोजित की गई।

कोटा ने बताया कि काजीरंगा एलिवेटेड कॉरिडोर एनएच-37 (नया एनएच-715) के कलियाबोर-नुमालीगढ़ खंड के चार लेन के निर्माण का हिस्सा है और इसमें लगभग 34.45 किलोमीटर लंबे वन्यजीव-अनुकूल एलिवेटेड कॉरिडोर के साथ-साथ जाखलबन्धा और बोकाखाट में बाईपास भी शामिल हैं।

इस परियोजना को न्यायालय के निर्देशों और भारतीय वन्यजीव संस्थान की सिफारिशों के अनुपालन में तैयार किया गया है। इसका दोहरा उद्देश्य मध्य और ऊपरी असम के बीच संपर्क में सुधार करना और साथ ही यूनेस्को विश्व धरोहर स्थल काजीरंगा राष्ट्रीय उद्यान की समृद्ध जैव विविधता की सुरक्षा सुनिश्चित करना है।

सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय के तहत राष्ट्रीय राजमार्ग एवं अवसंरचना विकास निगम लिमिटेड (एनएचआईडीसीएल) द्वारा इस कॉरिडोर का कार्यान्वयन किया जाएगा और परियोजना की निर्माण अवधि 36 महीने तय की गई है।

प्रधानमंत्री अपने दौरे के दौरान डिब्रूगढ़-गोमती नगर (लखनऊ), और कामाख्या-रोहतक अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेन को ऑनलाइन माध्यम से हरी झंडी दिखाएंगे।

भाषा धीरज नेत्रपाल

नेत्रपाल