‘चंदा चोरी’ में शामिल सभी लोग भाजपा का हिस्सा : कांग्रेस

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‘चंदा चोरी’ में शामिल सभी लोग भाजपा का हिस्सा : कांग्रेस

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  • Publish Date - August 2, 2026 / 03:40 PM IST,
    Updated On - August 2, 2026 / 03:40 PM IST

नयी दिल्ली, दो अगस्त (भाषा) अयोध्या स्थित राम मंदिर में चढ़ावे की कथित चोरी के मुद्दे को लेकर कांग्रेस ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) पर तीखा हमला बोलते हुए रविवार को कहा कि भाजपा का हर नेता ‘‘चंदा चोर’’ नहीं है, लेकिन सभी ‘‘चंदा चोर’’ सत्ताधारी दल में ही हैं।

कांग्रेस के वरिष्ठ नेता प्रमोद तिवारी ने दावा किया कि राम मंदिर में ‘‘चोरी’’ केवल चढ़ावे तक ही सीमित नहीं थी, बल्कि इसकी शुरुआत ‘‘शिला पूजन’’ के समय ही हो गई थी।

तिवारी ने यहां आयोजित संवाददाता सम्मेलन में कहा, ‘‘मैं स्वयं अवध क्षेत्र से आता हूं और 1985 से 1990 के बीच उत्तर प्रदेश सरकार में पर्यटन मंत्री रहा हूं। मैंने राम जन्मभूमि आंदोलन को बहुत करीब से देखा है।’’

राज्यसभा में कांग्रेस के उपनेता ने कहा, ‘‘मैं यह नहीं कह रहा कि भाजपा में हर कोई चंदा चोर है, लेकिन सारे चंदा चोर भाजपा में ही हैं।’’

उन्होंने आरोप लगाया, ‘‘जब राम मंदिर निर्माण का आंदोलन हो रहा था, तब नारा था: ‘राम लला हम आएंगे; मंदिर वहीं बनाएंगे’। बाद में जब उत्तर प्रदेश में भाजपा की सरकार बनी, तो मैंने पूछा कि मंदिर कब बनेगा? जवाब मिला: ‘जब केंद्र में भी भाजपा की सरकार बनेगी’।’’

उन्होंने कहा, ‘‘जब केंद्र में अटल बिहारी वाजपेयी की सरकार बनी, तब भी मैंने यही सवाल पूछा। तो जवाब मिला ‘अभी इंतजार कीजिए’। सच तो यह है कि भाजपा कभी नहीं चाहती थी कि अयोध्या में राम मंदिर बने; वह सिर्फ इस मुद्दे को जीवित रखना चाहती थी।’’

तिवारी ने कहा कि सच यह है कि राम मंदिर का निर्माण भाजपा ने नहीं करवाया, बल्कि इसका निर्माण उच्चतम न्यायालय के आदेश के बाद हुआ है।

उन्होंने आरोप लगाया कि लोकसभा चुनाव राम मंदिर निर्माण के समय ही हुए और प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के लिए मंदिर से ज्यादा चुनाव महत्वपूर्ण था; नतीजतन, उन्होंने एक अधूरे मंदिर का प्राण-प्रतिष्ठा समारोह कर दिया, जो कि एक अशुभ कार्य था।

उन्होंने कहा कि समारोह में शंकराचार्यों को भी आमंत्रित नहीं किया गया, जबकि धार्मिक अनुष्ठान उन्हीं के द्वारा संपन्न कराए जाने चाहिए थे।

कांग्रेस नेता ने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री ने पूरी प्रक्रिया की कमान खुद संभाली और मंदिर ट्रस्ट के प्रत्येक सदस्य की नियुक्ति उनकी व्यक्तिगत पसंद के आधार पर की गई।

उन्होंने कहा, ‘‘अगर मोदी जी ने इसका श्रेय लिया है, तो वह उन लोगों द्वारा किए गए पापों से खुद को कैसे अलग कर सकते हैं, जिन्हें उन्होंने जिम्मेदारी सौंपी थी?’’

उन्होंने आरोप लगाया कि चंपत राय के महासचिव रहते दान और चढ़ावे की चोरी को ‘‘संस्थागत’’ रूप दिया गया तथा करोड़ों रुपये का गबन किया गया।

उन्होंने कहा कि मोदी सरकार चाहती है कि चढ़ावा चोरी का यह मुद्दा समय के साथ फीका पड़ जाए और इतिहास बन जाए, लेकिन यह करोड़ों भारतीयों की आस्था से गहराई से जुड़ा हुआ है।

उन्होंने कहा कि इस मामले में आरोपियों की पहचान हो चुकी है, कथित रूप से गबन की गई राशि का पूरा ब्योरा उपलब्ध है और लूट के पर्याप्त साक्ष्य मौजूद हैं।

राज्यसभा में कांग्रेस के उपनेता ने कहा, ‘‘देश की 1.4 अरब जनता को जवाब देना होगा। हम चढ़ावे और दान से जुड़े इस मुद्दे को जनता के बीच ले जाएंगे, दोषियों को सजा मिलने तक लड़ाई जारी रखेंगे और सोमवार को सदन में फिर से यह मुद्दा उठाएंगे।’’

उन्होंने कहा, ‘‘करोड़ों लोगों की आस्था और भावनाएं इससे जुड़ी हैं; इसलिए मेरी मांग है कि उच्चतम न्यायालय की निगरानी में एसआईटी (विशेष जांच दल) द्वारा इसकी निष्पक्ष जांच कराई जाए और दोषियों को सख्त से सख्त सजा दी जाए।’’

श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के एक सदस्य ने शनिवार को कहा कि अयोध्या के राम मंदिर में चढ़ावे की चोरी की जांच तेज हो गई है और नवगठित जांच टीम मंदिर परिसर के भीतर लोगों से पूछताछ कर रही है।

ट्रस्ट के सदस्य महंत दिनेन्द्र दास ने कहा कि भक्तों द्वारा दिए गए सोने, चांदी और अन्य चढ़ावे से जुड़ी कथित अनियमितताओं की जांच अंतिम चरण में है।

उनका यह बयान ट्रस्ट द्वारा जारी जांच के बीच दान संग्रह और गिनती पर निगरानी बढ़ाते हुए पारदर्शिता के नए उपाय लागू करने के कुछ दिनों बाद आया है।

भाषा खारी

दिलीप

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