Bangldesh Cabinet Hindu Ministers: “एक करोड़ हिन्दू वाले बांग्लादेश में दो हिन्दू मंत्री लेकिन..” इस पूर्व IAS ने भारत में एक भी मुस्लिम मंत्री नहीं होने पर उठायें सवाल.. जानें क्या कहा

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Bangldesh Cabinet Hindu Ministers: पूर्व आईएएस नियाज खान ने बांग्लादेश कैबिनेट में हिंदू मंत्रियों के बाद भारत में मुस्लिम मंत्री न होने पर सवाल उठाए।

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  • Publish Date - February 19, 2026 / 05:53 PM IST,
    Updated On - February 19, 2026 / 05:54 PM IST

Bangldesh Cabinet Hindu Ministers Name || Image- Instant Intel File

HIGHLIGHTS
  • नियाज खान का सोशल मीडिया पोस्ट
  • भारत में मुस्लिम मंत्री नहीं होने पर सवाल
  • बांग्लादेश कैबिनेट में दो अल्पसंख्यक मंत्री शामिल

नई दिल्ली: बांग्लादेश में चुनाव संपन्न होने के बाद बीएनपी के नेता तारिक रहमान ने बतौर नए प्रधानमंत्री शपथ ले ली है। इतना ही नहीं बल्कि उन्होंने अपने कैबिनेट का भी विस्तार कर लिया हैं। सबसे दिलचस्प बात है कि, पीएम रहमान ने अपने कैबिनेट में दो हिन्दू समुदाय के नेताओं को जगह देकर उन्हें मंत्रीपद सौंपा है। (Bangldesh Cabinet Hindu Ministers Name) पिछले दिनों बांग्लादेश में अल्पसंख्यक हिन्दू समुदाय के खिलाफ हुई हिंसा के बाद यह राहत भरी खबर है।

बहरहाल अब बांग्लादेशी प्रधानमंत्री के इस कदम के बाद भारत में सत्तादल भाजपा और मातृ संगठन आरएसएस के सामने कुछ सवाल उठाये जा रहे है। यह सवाल उनके कैबिनेट में एक भी मुस्लिम मंत्री नहीं शामिल किये जाने को लेकर है। यह सवाल उठाया है अपने बयानों को लेकर अक्सर चर्चा में रहने वाले पूर्व भाप्रसे अधिकारी नियाज खान ने। उन्होंने सोशल मीडिया पर इस बारें में लिखा है।

क्या लिखा एक IAS नियाज खान ने

नियाह खान ने लिखा है, “बांग्लादेश में दो हिंदू मंत्री बने। बड़ी ख़ुशी हुई। बांग्लादेश में एक करोड़ हिंदू हैं और दो मंत्री,भारत में 20 करोड़ मुस्लिम हैं पर केंद्र सरकार में एक भी मुस्लिम मंत्री नहीं। (Bangldesh Cabinet Hindu Ministers Name) बड़ा आश्चर्य हुआ। बीजेपी और RSS से विनम्र निवेदन है कि कृपया 2-3 मुस्लिम मंत्री बनाने पर गंभीर चिंतन करें।”

कौन है पूर्व IAS नियाज खान?

सेवानिवृत्त आईएएस अधिकारी नियाज खान भारत के मध्य प्रदेश कैडर के वरिष्ठ पूर्व आईएएस अधिकारी हैं, जो अपनी बेबाक टिप्पणियों और सक्रिय सोशल मीडिया पोस्ट की वजह से सुर्खियों में रहते हैं। वे प्रशासनिक सेवा के साथ-साथ लेखक भी हैं और कई अंग्रेजी और हिंदी किताबें लिख चुके हैं, जिनमें सामाजिक-राजनीतिक मुद्दों को विषय बनाकर चर्चा भी हुई है।

खान ने कई बार अपनी राय सोशल मीडिया प्लेटफ़ॉर्म X पर व्यक्त की है, जिसमें उन्होंने पर्यावरण, समाज, शिक्षा और धर्म-संबंधी विषयों पर खुलकर टिप्पणी की है, जिससे कभी-कभी विवाद भी बना है। (Bangldesh Cabinet Hindu Ministers Name) उन्होंने गो संरक्षण, शाकाहार, कट्टरता के बारे में विचार व्यक्त किए हैं और कभी ब्राह्मण समुदाय के योगदान पर अपनी किताब ‘ब्राह्मण द ग्रेट’ के संदर्भ में बात की है।

नियाज खान समय-समय पर विभिन्न सामाजिक बहसों में हिस्सा लेते रहे हैं और उनका स्टाइल साधारण प्रशासनिक अधिकारी से थोड़ा अलग माना जाता है। कुछ मामलों में उनके विचारों को लेकर आलोचना और समर्थन दोनों ही देखने को मिले हैं।

बांग्लादेश में कैसा है नया मंत्रिमण्डल?

बता दें कि, हाल ही में सम्पन्न राष्ट्रीय चुनावों में बड़ी जीत के बाद तारिक रहमान ने बांग्लादेश के 11वें प्रधानमंत्री के रूप में शपथ ली है। इसके साथ ही उन्होंने अपनी पार्टी की सरकार का 49 सदस्यों वाला नया मंत्रिमंडल गठित किया है। इसमें 25 पूर्ण मंत्री और 24 राज्य मंत्री शामिल हैं, जिन्हें 17 फरवरी, 2026 को औपचारिक रूप से शपथ दिलाई गई।

बांग्लादेश के नए मंत्रियों की सूची

बांग्लादेश की नई सरकार के कैबिनट में शामिल होने वाले 25 मंत्रियों की लिस्ट में मिर्जा फखरुल इस्लाम आलमगीर, अमीर खसरू महमूद चौधरी, सलाहुद्दीन अहमद, इकबाल हसन महमूद टुकू, हाफिज उद्दीन अहमद बीर बिक्रम, अबू जफर एमडी जाहिद हुसैन, अब्दुल अवल मिंटू, काजी शाह मोफज्जल हुसैन कैकोबाद, मिजानुर रहमान मीनू, निताई रॉय चौधरी, (Bangldesh Cabinet Hindu Ministers Name) खंडाकर अब्दुल मुक्तदिर, अरिफुल हक चौधरी, जहीर उद्दीन स्वपन, अफरोजा खानम रीटा, एमडी शाहिद उद्दीन चौधरी एनी, असदुल हबीब दुलु, एमडी असदुज्जमान, जकारिया ताहिर, दीपेन दीवान, एएनएम एहसानुल हक मिलन, सरदार एमडी सकावत हुसैन, फकीर महबूब अनम, शेख रोबिउल आलम, मोहम्मद अमीन उर रशीद, और खलीलुर रहमान का नाम शामिल हैं।

नए राज्य मंत्री

राज्य मंत्री के तौर पर जिन 24 राज्य मंत्रियों को शामिल किया गया है, उनमें एम रशीदुज्जमां मिल्लत, अनिंद्य इस्लाम अमित, एमडी शरीफुल आलम, शमा ओबैद इस्लाम, सुल्तान सलाहुद्दीन टुकू, बैरिस्टर कैसर कमाल, फरहाद हुसैन आज़ाद, एमडी अमीनुल हक (टेक्नोक्रेट), मीर मोहम्मद हेलाल उद्दीन, हबीबुर रशीद, एमडी राजिब अहसन, एमडी अब्दुल बारी, मीर शाहे आलम, जोनायद अब्दुर रहीम साकी, जिन्हें जोनायद साकी के नाम से जाना जाता है, इशराक हुसैन, फरजाना शर्मिन, शेख फरीदुल इस्लाम, नूरुल हक नूर, यासर खान चौधरी, एम इकबाल हुसैन, एमए मुहिथ, अहमद सोहेल मंजूर, बॉबी हज्जाज और अली नवाज महमूद खैयाम का नाम है।

बता दें कि, इस मंत्रिमंडल में दो सदस्य बांग्लादेश के अल्पसंख्यक समुदाय से ताल्लुक रखते हैं। निताई रॉय चौधरी जो हिंदू समुदाय से आते है, उन्हें रेल मंत्री बनाया गया है। इसी तरह बौद्ध समुदाय से आने वाले दीपेन दीवान को चटगाँव पहाड़ी इलाकों के मामलों का मंत्रालय सौंपा गया है।

इन्हें भी पढ़ें: –

Q1. नियाज खान ने क्या सवाल उठाया?

उन्होंने केंद्र सरकार में मुस्लिम मंत्री न होने पर प्रश्न उठाया।

Q2. बांग्लादेश कैबिनेट में कितने अल्पसंख्यक मंत्री शामिल हैं?

नई कैबिनेट में दो अल्पसंख्यक समुदाय के मंत्री शामिल किए गए।

Q3. नियाज खान कौन हैं?

वे मध्य प्रदेश कैडर के सेवानिवृत्त आईएएस अधिकारी और लेखक हैं।